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सीतापुर किसान महापंचायत : राकेश टिकैत बोले, 33 माह चलेगा आंदोलन, हर समय रहें तैयार, गुंडों का बादशाह बनकर, कैसे समाप्त हो गई गुंडई

Mon, 20 Sep 2021 06:21 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीतापुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीतापुर Published by: ishwar ashish Updated Mon, 20 Sep 2021 06:21 PM IST
सार

मुजफ्फरनगर में किसान महापंचायत करने के बाद आज सीतापुर में किसान महापंचायत होने जा रही है। इस महापंचायत में राकेश टिकैत सहित कई किसान नेता मौजूद रहेंगे।

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Kisan mahapanchayat today in Sitapur.
सीतापुर की किसान महापंचायत का एक दृश्य। - फोटो : amar ujala

विस्तार

किसान नेता राकेश टिकैत ने केंद्र व प्रदेश सरकार की नीतियों पर सोमवार को जमकर निशाना साधा। किसान आंदोलन को फसल व नस्ल से जोड़ते हुए इसे 33 माह तक चलाने का उन्होंने ऐलान किया। तीनों काले कानून की वापसी तक घर न जाने की बात कही। योगी सरकार पर निशाते साधते हुए कहा यूपी का गुंडा ही गुंडों का बादशाह बनकर यूपी से गुंडागर्दी समाप्त करने की बात कह रहा है। यह बात किसी के गले नहीं उतर रही है। राकेश टिकैत सोमवार को सीतापुर में आरएमपी मैदान पर आयोजित किसान महापंचायत को संबोधित कर रहे थे। करीब 45 मिनट के भाषण में केंद्र सरकार से लेकर प्रदेश सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ हल्ला बोला।  

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राकेश टिकैत ने कहा यूपी सरकार से बड़ा गुंडा इस देश में कोई सरकार नहीं है। इसका जीता उदाहरण पंचायत चुनाव में देखने को मिला। एक-एक जिला पंचायत सदस्य के घर पर दरोगा बैठा दिया गया। पटवारी नाप करने के लिए तैयार रहे। जब तक वोट नहीं मिल गई। हर जतन करते रहे। अगर किसी ने न कर दी तो उनके घर की नाप करके उसे अवैध घोषित करके बुलडोजर चलवा दिया। प्रदेश सरकार की चार साल की उपलब्धियों पर बोलते हुए कहा चार साल में गन्ने का एक भी रूपया नहीं बढ़ाया गया। इस दौरान महंगाई चरम पर पहुंच गई। अब झूठ बोलकर उपलब्धियां गिनाई जा रही है। प्रदेश सरकार को हम झूठ का स्वर्ण पदक दिलाएंगे।
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राकेश टिकैत ने कहा केंद्र सरकार पर तंज कसते हुए पहले फैक्टी बन जाती है, उसके बाद सरकार नीतियां बनाती है। यानि पार्लियामेंट बिक चुकी है। केंद्र सरकार ने दिल्ली में किसान आंदोलन को कुचलने के लिए हरसंभव प्रयास किए। लेकिन किसानों के बुलंद हौंसले के आगे वह इसे डिगा नहीं सकें। इस आंदोलन में भी आए किसान समझ लें। यहां से जाने के बाद जिला प्रशासन आपकी गाड़ी का नंबर नोट करके घर पर नोटिस भेजेगा। लेकिन इससे डरने की बिल्कुल जरूरत नहीं है। क्योंकि आजादी 90 वर्षो बाद मिली थी। इस दौरान लाखों लोग शहीद हो गए थे। तमाम यातनाएं झेली। क्या इससे आंदोलन कमजोर पड़ा था। इसी तरह हमे अपना यह आंदोलन ले जाना है। इस दौरान तमाम बाधाएं आएंगी। लेकिन किसी भी मुसीबत से डरने की जरूरत नहीं है।
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उन्होंने कहा युवा पीढ़ी आंदोलन नहीं कर पाएंगी। इसलिए इस आंदोलन में जुड़कर सफल बनाएं। आने वाली जब पीढ़ी आपसे पूंछेगी जब आंदोलन चल रहा था, उस समय आप कहां थे तो आप उसे माफ नहीं कर पाएंगे। इसलिए जब तक तीनों काले कानून वापस नहीं लिए जाते है। यह आंदोलन अनवरत् चलेगा। उन्होंने किसानों को आग्राह किया। किसी भी दिन आंदोलन की धमाकेदार शुरूआत हो सकती है। इसलिए इसके लिए हम समय तैयार रहे। अपने टैक्ट्रर को तैयार रखें।

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