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Lucknow News: गांव पहुंची केजीएमयू की बस, दूर किया कैंसर का डर
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मोहनलागंज के पतौना गांव पहुंची केजीएमयू की मोबाइल कैंसर यूनिट
किंग जाॅर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय में रेडियोथेरेपी विभाग की बस रविवार को मोहनलालगंज के पताैना गांव पहुंची। यह बस कैंसर जागरुकता और जांच के लिए गांव-गांव जाती है। गांव में कैंसर की बीमारी के लिए स्क्रीनिंग की गई साथ ही लोगों में कैंसर के डर को भी दूर किया गया।
विभाग के प्रोफेसर डाॅ. सुधीर सिंह ने बताया कि मोबाइल कैंसर यूनिट के माध्यम से 41 ग्रामीणों की जांच की गईं। इनमें से महिलाओं के स्तन कैंसर समेत अन्य प्रकार के कैंसर के लिए जांच की गई। इस बस में एक्सरे की सुविधा भी है। 16 लोगों की एक्सरे जांच की गई। इसके साथ ही रक्त कैंसर की आशंका में एनीमिया की जांच भी की गई। जांच में किसी में भी कैंसर की पुष्टि नहीं हुई। गांव में शरीर में गांठ की समस्या के साथ एक युवक आया। उसका भ्रम दूर किया गया कि उसे सिर्फ गांठ है, इसमें कैंसर नहीं है। युवक का कहना था कि वह कई दिनों से अवसाद में था कि उसे कैंसर हो गया है। इसी वजह से डाॅक्टरों को दिखाने भी नहीं जा रहा था। इस टीम में डॉ. सुधीर सिंह के साथ ही डॉ. प्रीति रानी, डॉ. पारुल बौद्ध, रेडियोथेरेपी से डॉ. अभिषेक, डॉ. राशिद, ईएनटी से डॉ. विनोद पटेल के साथ ही राजेंद्र कुमार मौर्य और निर्मल कुमार शामिल रहे।
वीडियो के माध्यम से लोगों को किया जागरुक
बस में लगी स्क्रीन के माध्यम से लोगों को जागरुक करने के लिए वीडियो भी दिखाए गए। उन्हें बताया गया कि शुरुआती अवस्था में कैंसर पकड़ में आने पर इलाज की लागत बेहद कम होती है।
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विभाग के प्रोफेसर डाॅ. सुधीर सिंह ने बताया कि मोबाइल कैंसर यूनिट के माध्यम से 41 ग्रामीणों की जांच की गईं। इनमें से महिलाओं के स्तन कैंसर समेत अन्य प्रकार के कैंसर के लिए जांच की गई। इस बस में एक्सरे की सुविधा भी है। 16 लोगों की एक्सरे जांच की गई। इसके साथ ही रक्त कैंसर की आशंका में एनीमिया की जांच भी की गई। जांच में किसी में भी कैंसर की पुष्टि नहीं हुई। गांव में शरीर में गांठ की समस्या के साथ एक युवक आया। उसका भ्रम दूर किया गया कि उसे सिर्फ गांठ है, इसमें कैंसर नहीं है। युवक का कहना था कि वह कई दिनों से अवसाद में था कि उसे कैंसर हो गया है। इसी वजह से डाॅक्टरों को दिखाने भी नहीं जा रहा था। इस टीम में डॉ. सुधीर सिंह के साथ ही डॉ. प्रीति रानी, डॉ. पारुल बौद्ध, रेडियोथेरेपी से डॉ. अभिषेक, डॉ. राशिद, ईएनटी से डॉ. विनोद पटेल के साथ ही राजेंद्र कुमार मौर्य और निर्मल कुमार शामिल रहे।
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वीडियो के माध्यम से लोगों को किया जागरुक
बस में लगी स्क्रीन के माध्यम से लोगों को जागरुक करने के लिए वीडियो भी दिखाए गए। उन्हें बताया गया कि शुरुआती अवस्था में कैंसर पकड़ में आने पर इलाज की लागत बेहद कम होती है।
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