फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Kgmu doctors do double free flap surgery

डॉक्टरों ने किया कमाल, बदल दी कैंसर पेशेंट की सूरत

Wed, 29 Apr 2015 02:14 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला,लखनऊ
ब्यूरो/अमर उजाला,लखनऊ Updated Wed, 29 Apr 2015 02:14 PM IST
विज्ञापन
Kgmu doctors do double free flap surgery

केजीएमयू के डॉक्टरों की टीम ने दस घंटे की सर्जरी के बाद कैंसर पीड़ित मरीज को नई जिंदगी दे दी। तंबाकू का सेवन करने वाले इस मरीज को पता ही नहीं चला कि वह कब मुंह के कैंसर की चपेट में आ गया।

विज्ञापन


केजीएमयू इलाज के लिए पहुंचा तो हालात काफी खराब हो चुके थे। पूरा मुंह कैंसर कोशिकाओं की चपेट में था। केजीएमयू के सर्जरी और प्लास्टिक सर्जरी विभाग की टीम को इस ऑपरेशन में दस घंटे लगे।
विज्ञापन


इसमें जहां पैर की हड्डी से जबड़ा और ठुड्डी बनाया गया तो मुंह और होंठ के लिए हाथ के मांस का इस्तेमाल किया। अब मरीज पूरी तरह ठीक है और बात कर रहा है।

बलरामपुर के रहने वाले रामनरेशन (50) पंद्रह साल से तंबाकू का सेवन करते थे। एक दिन उनके दांत में दिक्कत हुई तो डॉक्टर के पास पहुंचे तो दांत उखाड़ दिया गया लेकिन जख्म नहीं भर रहा था।

विज्ञापन
विज्ञापन

नया जबड़ा और नए होंठ बना दिए सर्जरी से

Kgmu doctors do double free flap surgery

30 मार्च को केजीएमयू आए तो पता चला कि रामनरेश के पूरे मुंह में कैंसर फैल चुका है और जान बचाने के लिए काफी हिस्सा निकालना पड़ेगा। प्लास्टिक सर्जरी विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो. एके सिंह बताते हैं कि मरीज की हालत और जांच रिपोर्ट देखने के बाद सर्जरी और प्लास्टिक सर्जरी विभाग के डॉक्टरों का पैनल बना फिर डबल फ्री फ्लैप सर्जरी की तैयारी की गई।

17 अप्रैल को सुबह नौ बजे सर्जरी शुरू हुई जो शाम सात बजे तक चली। इसमें मरीज के जबड़े का अगला हिस्सा, होंठ, मुंह और थुड्ड्डी के साथ गले के  कुछ हिस्से को भी सर्जरी विभाग की टीम ने निकाल दिया।

इस दौरान चेहरे को नया आकार देने के लिए प्लास्टिक सर्जरी की टीम ने मरीज के पैर की हड्डी से जबड़ा और थुड्डी बनाया। जैसे ही खराब हिस्से को निकाला गया प्लास्टिक सर्जरी विभाग की टीम ने फिमुला से बनाए गए जबड़े और थुड्डी को फिक्स कर दिया।

प्रो. एके सिंह बताते हैं कि रामनरेश के बाएं हाथ से मांस और कुछ नसों को निकालकर होंठ का आकार दिया गया ताकि चेहरे की खूबसूरती बनी रहे।

महज 6 हजार में बन गए ये नए अंग

Kgmu doctors do double free flap surgery

सर्जरी विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. अरुण सोनकर बताते हैं कि एक साथ दो विभागों की टीम सर्जरी में लगी। सर्जरी विभाग की टीम ने उस खराब हिस्से को निकाला तो प्लास्टिक सर्जरी विभाग की टीम मरीज पैर की हड्डी से नया अंग बनाती रही। इसे डबल फ्री फ्लैप सर्जरी का नाम दिया गया। प्रो. एके सिंह और प्रो. अरुण सोनकर बताते हैं कि इस तरह की सर्जरी उत्तर भारत में पहली बार की गई है।

डबल फ्री फ्लैप सर्जरी के बारे में प्रो. एके सिंह बताते हैं कि फिमुला सीधी हड्डी होती है। जबड़े और थुड्डी का आकार देने के लिए हड्डी को अलग करने के बजाय पैर में लगे रहते हुए ही सर्जिकल इंस्ट्रूमेंट से आकार दिया जाता है।

खराब हिस्सा निकालने के बाद पैर की हड्डी से बनाया गया जबड़ा और थुड्डी को फिक्स कर दिया जाता है। इसे प्लेट पर स्क्रू से सेट किया जाता है जिससे नए अंग में निरंतर ब्लड सप्लाई बनी रहे। डॉ. अरुण सोनकर बताते हैं कि डबल फ्री फ्लैप सर्जरी के लिए प्राइवेट अस्पतालों में तीन से चार लाख रुपये का खर्च आता है। केजीएमयू में इस सर्जरी के लिए महज छह हजार रुपये का खर्च आया वह भी प्लेट पर।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed