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केजीएमयू : 21 जूनियर दे रहे थे सीनियर्स की परीक्षा, आठ सप्ताह तक क्लास और हॉस्टल से निलंबित रहेंगे 42 छात्र
Sun, 15 May 2022 11:55 AM IST
पंकज श्रीवास्तव
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Sun, 15 May 2022 11:55 AM IST
सार
मामले का खुलासा उस वक्त हुआ जब परीक्षा के दौरान ड्यूटी करने वाले एक शिक्षक ने कुछ छात्रों को पहचान लिया। उन्हें जानकारी थी कि परीक्षा देने वाले कुछ स्टूडेंट जूनियर बैच के हैं। पकड़ में आए दो-चार छात्रों से पूछताछ की गई तो खुलासा हुआ कि 21 स्टूडेंट अपने सीनियर्स की जगह परीक्षा दे रहे थे।
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केजीएमयू
- फोटो : amar ujala
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विस्तार
चिकित्सा के क्षेत्र में पूरी दुनिया में नाम रोशन करने वाले केजीएमयू के एमबीबीएस छात्रों का कारनामा चर्चा का विषय बन गया है। मेडिसिन एसेसमेंट टेस्ट के दौरान 21 जूनियर छात्र अपने सीनियर्स की परीक्षा देते पकड़े गए। डीन एकेडेमिक्स प्रो. उमा सिंह ने परीक्षा देने वालों के साथ उन 21 सीनियर्स को भी निलंबित कर दिया, जिनके स्थान पर ये छात्र परीक्षा दे रहे थे। सभी 42 लोग आठ सप्ताह तक क्लास और हॉस्टल से निलंबित रहेंगे। इन पर अन्य कार्रवाई का फैसला भी आगे होगा।
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डीन एकेडेमिक्स की ओर से जारी पत्र के अनुसार मेडिसिन विभागाध्यक्ष की सूचना के बाद यह कार्रवाई की गई है। मेडिसिन विभाग में सात मई को एमबीबीएस बैच 2019 फेज-3 का मेडिसिन एसेसमेंट टेस्ट था। इसमें परीक्षा तो 2019 बैच के स्टूडेंट को देनी थी, लेकिन एग्जाम देते 21 स्टूडेंट 2020 बैच के निकले। अनुशासनात्मक समिति ने कुलपति और डीन समेत अन्य अधिकारियों को इसकी सूचना दी।
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कुछ छात्रों की पहचान से खुली पोल
मामले का खुलासा उस वक्त हुआ जब परीक्षा के दौरान ड्यूटी करने वाले एक शिक्षक ने कुछ छात्रों को पहचान लिया। उन्हें जानकारी थी कि परीक्षा देने वाले कुछ स्टूडेंट जूनियर बैच के हैं। पकड़ में आए दो-चार छात्रों से पूछताछ की गई तो खुलासा हुआ कि 21 स्टूडेंट अपने सीनियर्स की जगह परीक्षा दे रहे थे।
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छुट्टी पर रहे सीनियर्स ने बनाया दबाव
केजीएमयू में जानकारी करने पर पता चला कि परीक्षा वाले दिन चार से छह सीनियर स्टूडेंट छुट्टी के चलते शहर में नहीं थे। ऐसे में उन्होंने अपने जूनियर्स पर दबाव डाला कि वे उनके स्थान पर परीक्षा दें। चार से छह जूनियर जब इसके लिए तैयार हो गए तो यह संख्या बढ़ते-बढ़ते 21 तक पहुंच गई। एक साथ इतनी संख्या में जूनियर्स के परीक्षा में बैठने से पूरा मामला खुल गया।
परीक्षा के दौरान 21 जूनियर छात्रों के सीनियर्स के स्थान पर परीक्षा में बैठने की पुष्टि हुई है। इसके बाद सभी को आठ सप्ताह के लिए कोर्स और हॉस्टल दोनों से निलंबित कर दिया गया है। मामले में समिति की बैठक के बाद कड़ी कार्रवाई होगी।
-डॉ. सुधीर सिंह, प्रवक्ता, केजीएमयू