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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Kanpur Division: Cycle kept gasping even in its stronghold, lost seats in Kannauj, Etawah, made lead in Auraiya and Kanpur

कानपुर मंडल : अपने गढ़ में भी हांफती रही साइकिल, कन्नौज, इटावा में सीटें गंवाई, औरैया व कानपुर में बनाई बढ़त 

Thu, 10 Mar 2022 09:22 PM IST
पंकज श्रीवास्‍तव अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ Published by: पंकज श्रीवास्‍तव Updated Thu, 10 Mar 2022 09:22 PM IST
सार

कानपुर मंडल के इटावा, औरैया, फर्रुखाबाद व कन्नौज जिलों को सपा संरक्षक मुलायम सिंह यादव का गढ़ माना जाता है। पिछले दो चुनाव से इस इलाके में भी भाजपा ने बढ़त बना रखी है। हालांकि इटावा के जसवंत नगर सीट पर प्रसपा प्रमुख शिवपाल सिंह यादव का कब्जा बरकरार है।

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Kanpur Division: Cycle kept gasping even in its stronghold, lost seats in Kannauj, Etawah, made lead in Auraiya and Kanpur
साइकिल चलाते हुए अखिलेश यादव - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

सपा के गढ़ में भी साइकिल पूरी गति से नहीं दौड़ पाई। इतना जरूर रहा कि यहां वह भाजपा की स्पीड रोकने में कामयाब रही। पिछली बार की तुलना में कानपुर मंडल की 27 सीटों में से भाजपा को दो सीटों का नुकसान हुआ है। उसे 20 सीटें मिली हैं। सपा तीन सीट की बढ़त के साथ सात पर पहुंच गई है। जबकि कांग्रेस और बसपा का खाता भी नहीं खुला।

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कानपुर मंडल के इटावा, औरैया, फर्रुखाबाद व कन्नौज जिलों को सपा संरक्षक मुलायम सिंह यादव का गढ़ माना जाता है। पिछले दो चुनाव से इस इलाके में भी भाजपा ने बढ़त बना रखी है। हालांकि इटावा के जसवंत नगर सीट पर प्रसपा प्रमुख शिवपाल सिंह यादव का कब्जा बरकरार है। सपा-प्रसपा की लामबंदी का ही असर रहा कि भरथना सीट भाजपा के कब्जे से मुक्त होकर सपा के पास आ गई। लेकिन इटावा सदर सीट जीतने में सपा नाकाम रही। इसकी बड़ी वजह सपा से टिकट नहीं मिलने पर कुलदीप गुप्ता संटू का बसपा से मैदान में उतरना माना जा रहा है। औरैया में भाजपा के कब्जे वाली तीन सीटों में इस बार दो पर सपा ने कब्जा जमा लिया है। बिधूना से भाजपा विधायक विनय शाक्य के सपा में जाने का फायदा मिला। यहां पूर्व विधानसभा अध्यक्ष धनीराम वर्मा की बहू रेखा वर्मा सपा से विजयी रहीं, जबकि भाजपा के टिकट पर मैदान में उतरी विनय शाक्य की बेटी रिया शाक्य चुनाव हार गईं। 
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भाजपा के कब्जे वाली दिबियापुर सीट भी अब सपा के खाते में आ गई है। यहां राज्यमंत्री लाखन सिंह राजपूत को पूर्व सांसद प्रदीप यादव ने हराया है। औरैया सदर सीट पर भाजपा की गुड़िया कठेरिया का कब्जा बरकरार है। फर्रुखाबाद में भाजपा चारों सीटों पर पहले की तरह काबिज है। कन्नौज में भाजपा ने छिबरामऊ और तिर्वा के साथ इस चुनाव में कन्नौज सदर पर भी कब्जा जमाया है। कानपुर देहात की सभी चारों सीटों पर भाजपा का कब्जा बरकरार है। कानपुर शहर की 10 सीटों में अब तक भाजपा के पास सात, सपा के पास दो और कांग्रेस के पास एक सीट थी। इस बार भाजपा को 7 और सपा को 3 सीटें मिली हैं।
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कानपुर मंडल की 27 सीटों की तुलनात्मक स्थिति
2017    
जिला    भाजपा    सपा    बसपा    कांग्रेस

फर्रुखाबाद    4    0    0    0
कन्नौज    2    1    0    0
इटावा    2    1    0    0
औरैया    3    0    0    0
कानपुर देहात    4    0    0    0
कानपुर नगर    7    2    1    0
योग    22    4    0    1    

    
2022  
जिला    भाजपा    सपा    बसपा    कांग्रेस

फर्रुखाबाद    4    0    0    0
कन्नौज    3    0    0    0
इटावा    1    2    0    0
औरैया    1    2    0    0
कानपुर देहात    4    0    0    0
कानपुर शहर    7    3    0    0

योग    20    7    0    0

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