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Lucknow News: आईटी सिटी योजना लॉन्च, लॉटरी से 549 को मिले भूखंड
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आईटी सिटी योजना के लिए सोमवार को लॉटरी हुई।
लखनऊ। एलडीए की सुल्तानपुर रोड स्थित आईटी सिटी आवासीय योजना सोमवार को लॉन्च हो गई। इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में सबसे पहले उन 549 लोगों को लॉटरी से प्लॉट आवंटित किए गए, जिन्होंने योजना के लिए अपनी जमीन दी है। अप्रैल में होने वाली दूसरे चरण की लॉटरी में भी उन्हीं को भूखंड आवंटित किए जाएंगे, जो योजना के लिए जमीन दे रहे हैं।
एलडीए लैंडपूलिंग के तहत यह योजना लाया है। इसमें खरीदने के बजाय किसानों और भू-स्वामियों से आपसी सहमति पर लैंडपूलिंग कर जमीन ली गई है। जिन लोगों ने एलडीए को अपनी जमीन निशुल्क दी है, प्राधिकरण उन्हें 25 प्रतिशत जमीन विकसित कर प्लॉट के रूप में दे रहा है।
पहले चरण की लॉटरी में उन्हें शामिल किया गया, जिन्होंने 31 जनवरी तक लैंडपूलिंग की योजना पूरी कर ली है। इन्हें योजना के सेक्टर-15, 16, 17, 18 व 30 में 35, 45, 72, 128, 200 और 288 वर्ग मीटर के भूखंड दिए गए।
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नैमिषनगर का भूमि पूजन अप्रैल में
आईटी सिटी योजना की लॉन्चिंग के बाद एलडीए अप्रैल में नैमिषनगर योजना को लॉन्च करने की तैयारी में है। अप्रैल में भूमिपूजन हो सकता है। फिर मई या जून में पंजीकरण खोल दिया जाएगा। करीब 3000 एकड़ में विकसित की जा रही योजना में दो लाख की आबादी को आवासीय सुविधा मिलेगी। योजना में बक्शी का तालाब क्षेत्र के 14 गांवों की जमीन शामिल है। इस इलाके में अभी तक कोई सरकारी आवासीय योजना नहीं है।
लॉटरी पर उठाए सवाल
सिकंदरपुर ओलिया गांव की पांच बिसवां जमीन एलडीए को देने वाले बरेली के आलोक त्रिपाठी ने लॉटरी व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। साथ ही दोबारा लॉटरी कराने की मांग की है। आरोप लगाया कि लॉटरी से पहले उसकी पूरी जानकारी नहीं साझा की गई। योजना का पूरा लेआउट भी नहीं दिखाया गया। ऐसा लग रहा है कि पार्क के सामने वाले भूखंडों को लॉटरी से बाहर रखा गया है। यह भी कहा कि 200 वर्ग मीटर के सिर्फ 28 भूखंड ही लॉटरी में क्यों डाले गए। उन्होंने इस संबंध में अपर मुख्य सचिव आवास एवं शहरी नियोजन व एलडीए वीसी को पत्र भी लिखा है।
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एलडीए लैंडपूलिंग के तहत यह योजना लाया है। इसमें खरीदने के बजाय किसानों और भू-स्वामियों से आपसी सहमति पर लैंडपूलिंग कर जमीन ली गई है। जिन लोगों ने एलडीए को अपनी जमीन निशुल्क दी है, प्राधिकरण उन्हें 25 प्रतिशत जमीन विकसित कर प्लॉट के रूप में दे रहा है।
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पहले चरण की लॉटरी में उन्हें शामिल किया गया, जिन्होंने 31 जनवरी तक लैंडपूलिंग की योजना पूरी कर ली है। इन्हें योजना के सेक्टर-15, 16, 17, 18 व 30 में 35, 45, 72, 128, 200 और 288 वर्ग मीटर के भूखंड दिए गए।
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नैमिषनगर का भूमि पूजन अप्रैल में
आईटी सिटी योजना की लॉन्चिंग के बाद एलडीए अप्रैल में नैमिषनगर योजना को लॉन्च करने की तैयारी में है। अप्रैल में भूमिपूजन हो सकता है। फिर मई या जून में पंजीकरण खोल दिया जाएगा। करीब 3000 एकड़ में विकसित की जा रही योजना में दो लाख की आबादी को आवासीय सुविधा मिलेगी। योजना में बक्शी का तालाब क्षेत्र के 14 गांवों की जमीन शामिल है। इस इलाके में अभी तक कोई सरकारी आवासीय योजना नहीं है।
लॉटरी पर उठाए सवाल
सिकंदरपुर ओलिया गांव की पांच बिसवां जमीन एलडीए को देने वाले बरेली के आलोक त्रिपाठी ने लॉटरी व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। साथ ही दोबारा लॉटरी कराने की मांग की है। आरोप लगाया कि लॉटरी से पहले उसकी पूरी जानकारी नहीं साझा की गई। योजना का पूरा लेआउट भी नहीं दिखाया गया। ऐसा लग रहा है कि पार्क के सामने वाले भूखंडों को लॉटरी से बाहर रखा गया है। यह भी कहा कि 200 वर्ग मीटर के सिर्फ 28 भूखंड ही लॉटरी में क्यों डाले गए। उन्होंने इस संबंध में अपर मुख्य सचिव आवास एवं शहरी नियोजन व एलडीए वीसी को पत्र भी लिखा है।

आईटी सिटी योजना के लिए सोमवार को लॉटरी हुई।

आईटी सिटी योजना के लिए सोमवार को लॉटरी हुई।

आईटी सिटी योजना के लिए सोमवार को लॉटरी हुई।

आईटी सिटी योजना के लिए सोमवार को लॉटरी हुई।

आईटी सिटी योजना के लिए सोमवार को लॉटरी हुई।