पति मोह में सपा की विधायक बनीं नटवरलाल
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गलत ढंग से ग्राम पंचायत की जमीन का पट्टा कराने के मामले में लोक आयुक्त ने रायबरेली के सलोन से सपा विधायक आशा किशोर के खिलाफ मामला दर्ज कर औपचारिक रूप से जांच शुरू कर दी है।
लोक आयुक्त ने इसकी सूचना मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को भी भेजी है। प्रारंभिक जांच में आशा के पति श्याम किशोर के नाम ग्राम पंचायत की जमीन का पट्टा करने में धांधली की पुष्टि हुई है।
इस के बाद लोक आयुक्त ने उनके खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू करने का निर्णय किया।
दिलचस्प यह है कि सत्तारूढ़ दल की विधायक के दबाव में जिला प्रशासन के अफसरों ने अप्रत्याशित तेजी दिखाते हुए सिर्फ पांच दिन में पट्टा आवंटन की सारी कार्यवाही निपटा दी और दो माह बाद इस जमीन को बेचने की अनुमति भी दे दी।
लोक आयुक्त ने आशा किशोर के अलावा रायबरेली के एडीएम व सलोन के एसडीएम को भी नोटिस जारी कर 25 नवंबर तक जवाब मांगा है। एडीएम व एसडीएम से ऐसे मुकदमों का ब्यौरा भी मांगा है जो उन्होंने पांच दिन में निस्तारित किए हैं।
जमीन की अदला-बदली में हुआ लाखों का खेल
गलत ढंग से पति के नाम ग्राम पंचायत की जमीन का पट्टा कराने के मामले में आशा किशोर के खिलाफ शिकायत पर लोक आयुक्त ने जिला प्रशासन से रिपोर्ट तलब की थी।
सलोन के नायब तहसीलदार रवि शंकर यादव शुक्रवार को मामले से संबंधित फाइल लेकर लोक आयुक्त के समक्ष हाजिर हुए। तहसील के अभिलेखों के अनुसार आशा के पति ने 4 फरवरी 2013 को 40 हजार रुपये में 0.363 हेक्टेयर जमीन खरीदी।
सर्किल रेट और स्टांप ड्यूटी के हिसाब से इस जमीन की कीमत 3.19 लाख रुपये थी। इसमें से गाटा संख्या 2526 की 0.145 हेक्टेयर जमीन गाटा संख्या 2548 से बदल ली गई।
जमीन बदलने के बाद एडीएम से अनुमति लेकर यह जमीन दो लाख रुपये में बेच दी गई जबकि सर्किल रेट के हिसाब से इस जमीन की कीमत 30.17 लाख रुपये होती है।
लोकायुक्त के अनुसार अभिलेखों से पता चला कि सारी कार्यवाही काफी त्वरित गति से हुई। जमीन की खरीद व अदला-बदली में 27 लाख से ज्यादा का ‘खेल’ किया गया है।