इनामुल व सलमान को आमने-सामने बैठाकर की गई पूछताछ, कश्मीर में फैला है नेटवर्क
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जिहाद की मुहिम में लगे इनामुल व सलमान को आमने-सामने बैठाकर की गई पूछताछ में कश्मीर में इनके कई साथियों के नाम सामने आए हैं। ये युवा इनामुल के नेटवर्क से जुड़े थे। इनमें से कुछ जुलाई में दिल्ली में होने वाली बैठक में शामिल होने वाले थे। एटीएस के एडीजी डीके ठाकुर ने बताया कि तथ्यों की पुष्टि के बाद कुछ और को गिरफ्तार किया जा सकता है।
बुधवार को पूछताछ में इनामुल व सलमान पहले तो गोलमोल जवाब देते रहे। लेकिन जब उनके मोबाइल फोन का डाटा सामने रखा गया तब उन्होंने स्वीकार किया कि वे अपनी मुहिम को अंजाम देने के लिए संगठन बना रहे थे। इसके बाद ही वे तय करते कि उनके क्या टारगेट होंगे।
दोनों ने एटीएस को बताया कि दिल्ली में जुलाई में होने वाली बैठक पहले फरवरी में होनी थी, पर कुछ साथियों ने दिल्ली पहुंचने में असमर्थता जता दी थी। इसके बाद लॉकडाउन हो गया और मीटिंग नहीं हो सकी। दोनों आरोपियों ने उन मोबाइल एप्लीकेशन की भी जानकारी दी है जिनके जरिए उनके ग्रुप के लोग आपस में जुड़े थे। एटीएस उनसे जानने की कोशिश कर रही है कि संगठन के लिए वह फंड कहां से लाते।
एटीएस ने ढूंढा इनामुल का नया फेसबुक अकाउंट
अंसार गजवा-तुल-हिंद के अपने आकाओं के इशारे पर बरेली का इनामुल ‘शरीयत या शहादत’ जैसे खतरनाक मिशन पर काम कर रहा था। एटीएस को प्रमाण मिले हैं कि वह लगातार मुस्लिम युवाओं में अपने संपर्क बढ़ाकर उन्हें कट्टर बनाने के लिए जम्मू-कश्मीर और पाकिस्तान में बैठकर चलाए जा रहे व्हाट्सएप ग्रुप में शामिल करा रहा था। एटीएस ने उसका एक ऐसा फेसबुक अकाउंट ढूंढा है जिस पर वह दो महीने पहले तक सक्रिय था।
एटीएस के सूत्रों का दावा है कि इनामुल से पूछताछ में मिलीं जानकारियां उम्मीद से ज्यादा चौंकाने वाली हैं। तमाम ऐसे लोगों का पता लग रहा है जो उसके साथ राष्ट्रविरोधी गतिविधियों में शरीक थे। जल्द ही बड़े पैमाने पर और भी गिरफ्तारियां हो सकती हैं।
जिहादी इनामुल एटीएस की पकड़ में आने से पहले अपने कई फेसबुक अकाउंट डिलीट कर चुका था लेकिन अब एटीएस ने उसका एक नया फेसबुक अकाउंट ढूंढ निकाला है। मोहम्मद इनामुल हक नाम के इस अकाउंट से पता लगा है कि इनामुल कश्मीर के युवाओं के साथ मूसा के मिशन ‘शरीयत या शहादत’ को आगे बढ़ा रहा था। इस अकाउंट पर इनामुल ने ‘शरीयत या शहादत’ नारे का वॉलपेपर भी लगा रखा है। यह नारा अंसार गजवा-तुल-हिंद के मारे गए चीफ जाकिर मूसा का था।
इनामुल के साथ सोशल मीडिया पर जिहादियों की टोली
इनामुल के नए फेसबुक अकाउंट से दिल्ली का यासिर खान, कोलकाता का एहतशाम उल हक, कानपुर का जाकिर खान और अनंतनाग से फैजू भी इनामुल के इस अकाउंट से जुड़े हैं। एटीएस इनकी पड़ताल कर रही है।
मुरादाबाद से पकड़ा गया संदिग्ध आईएस का मुरीद
एटीएस मंगलवार को मुरादाबाद के ठाकुरद्वारा शरीफ नगर से पकड़े गए संदिग्ध को भी लखनऊ ले गई है। 10वीं पास यह संदिग्ध भी इनामुल के संपर्क में था। उसके मोबाइल से एटीएस को आईएस के कई ऐसे वीडियो मिले हैं जो उसकी कट्टरपंथी सोच को प्रदर्शित करते हैं।