जानिए क्या पढ़ना चाहती हैं आजकल की लड़कियां
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इस साल आईआईटी में प्रवेश लेने वाली छात्राओं का रुझान कंप्यूटर साइंस की तरफ मुड़ा है। आईआईटी मुंबई और कानपुर में जहां इस साल छात्राओं की संख्या बढ़ी है, वहीं रुड़की में संख्या घटी है लेकिन आईआईटी बीएचयू में संख्या यथावत है।
इसके अलावा केमिकल और बायोटेक्नोलॉजी इंजीनियरिंग में भी छात्राओं की रुचि बढ़ी है। आईआईटी में प्रवेश लेने वाली छात्राओं ने इस बार मेटलर्जी इंजीनियरिंग में भी रुझान दिखाया है, जबकि इसे लड़कियों के लिए बहुत बेहतर नहीं माना जाता है।
पिछले वर्षों में आर्किटेक्ट, इलेक्ट्रिकल और मैथेमेटिक्स में अच्छा रुझान दिखा चुकी छात्राएं इस साल इस स्ट्रीम के प्रति अधिक आकर्षित नहीं दिखीं। डीन ऑफ स्टूडेंट अफेयर प्रोफेसर एआर हरीश के मुताबिक आईआईटी कानपुर में इस साल विभिन्न ट्रेडों में दो फीसदी अधिक छात्राओं ने प्रवेश लिया।
कंप्यूटर साइंस में सबसे ज्यादा लिया प्रवेश
कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग में सबसे ज्यादा 20 छात्राओं ने प्रवेश लिया। केमिकल, बायोसाइंस में भी छात्राओं की संख्या बढ़ी है।
इस साल आईआईटी बीएचयू में कुल 1050 विद्यार्थियों में छात्राओं की संख्या 82 है, जबकि बीते साल भी छात्राओं की संख्या आठ फीसदी ही थी। पिछले साल छात्राओं ने जहां केमिकल इंजीनियरिंग में अधिक रुझान दिखाया था, वहीं इस बार मेटलर्जी इंजीनियरिंग में छात्राओं ने दिलचस्पी दिखाई है जिसे पुरुष प्रधान माना जाता है।
आईआईटी रुड़की में इस बार कुल 987 दाखिलों में छात्राओं की संख्या 75 ही रही, जो करीब आठ फीसदी है। पिछले साल छात्राओं की संख्या 85 थी।