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आईआईएम का ३५वां स्थापना दिवस समारोह
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गिरि इंस्टीट्यूट में लगी थी आईआईएम लखनऊ की पहली क्लास
आईआईएम-एल ने पूरे किए स्थापना के 35 साल, 27 विद्यार्थियों से 1985 में शुरू हुआ था पहला बैच
इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट, लखनऊ (आईआईएम-एल) ने शनिवार को अपनी स्थापना के 35 साल पूरे किए। 27 जुलाई 1984 में तत्कालीन इंडियन काउंसिल ऑफ फिलॉसिफिकल रिसर्च सेंटर (बटलर पैलेस) के अस्थाई कैंपस से हुई शुरूआत आज 200 एकड़ के वृहद परिसर के साथ नोएडा कैंपस तक विस्तार ले चुकी है। शनिवार को विविध कार्यक्रमों के साथ धूमधाम से स्थापना दिवस मनाया गया।
यूं तो आईआईएम लखनऊ की स्थापना का निर्णय 1982 में ही लिया गया था, लेकिन इसकी स्थापना 27 जुलाई 1984 को हुई। तब बटलर पैलेस स्थित एक सेंटर में अस्थायी कैंपस बनाया गया। लगभग 7 महीने बाद यह महसूस हुआ कि यहां पर्याप्त जगह नहीं है। 30 मार्च 1985 में यह गिरि इंस्टीट्यूट की नई बिल्डिंग में शिफ्ट हुआ। हालांकि यह भी अस्थाई कैंपस ही था। यहां 14 कमरों में क्लास व ऑफिस की शुरूआत हुई। 30 विद्यार्थियों के लिए छात्रावास की भी व्यवस्था हुई। कॉमन एंट्रेंस टेस्ट (कैट) से 27 विद्यार्थियों के साथ पहले बैच की शुरूआत हुई। आज यहां प्रथम वर्ष में प्रवेश लेने वालों की संख्या बढ़कर लगभग 480 (लखनऊ कैंपस) तक पहुंच गई है। 1987 में वर्तमान के आईआईएम रोड स्थित जमीन तय हुई और फिर उस पर तेजी से निर्माण कार्य की शुरूआत हुई। इस बीच क्लार्क अवध में 1987 में पहले बैच का दीक्षांत समारोह भी आयोजित हुआ। संस्थान 1992 में अपने नवनिर्मित विशाल परिसर में पूरी तरह शिफ्ट हुआ। वर्तमान में संस्थान में 7 पीजी कोर्स चल रहे हैं। जबकि फैकल्टी की संख्या 84 है। आईआईएम के सीसीएमआर चेयरपर्सन प्रो. विकास श्रीवास्तव ने बताया कि वर्तमान में यहां विभिन्न कोर्सों में लगभग 1500 विद्यार्थी पढ़ाई कर रहे हैं और लगभग 6000 विद्यार्थी अब तक डिग्री प्राप्त कर चुके हैं।
स्थापना दिवस पर पौधरोपण व क्रास कंट्री दौड़ का आयोजन
संस्थान के स्थापना दिवस समारोह की शुरूआत 20 जुलाई से हुई और शनिवार को पौधरोपण, क्रास कंट्री दौड़ व सांस्कृतिक संध्या का आयोजन हुआ। सुबह निदेशिका प्रो. अर्चना शुक्ला ने शिक्षकों, कर्मचारियों व विद्यार्थियों के साथ परिसर में नीम, जामुन, महुआ आदि पौधे रोपे। उन्होंने कहा कि आज पर्यावरण संरक्षण एक महत्वपूर्ण मुद्दा है। आईआईएम ने हमेशा इस दिशा में बेहतर काम किया है।
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जल्द ही संस्थान में ईडब्ल्यूएस रिजर्वेशन के तहत छात्रावास का निर्माण होना है। इससे पहले परिसर में काफी संख्या में पौधरोपण किया जाएगा। हमें ज्यादा से ज्यादा औषधीय पौधे लगाने चाहिए। इस क्रम में शाम को क्रास कंट्री दौड़ का आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थी, शिक्षक, कर्मचारी व उनके परिवारीजनों ने भी शिरकत की। इसमें पुरुष वर्ग में मिलन गुप्ता ने प्रथम, मनीष मनोहर ने दूसरा व अभिषेक कुमार ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। महिला वर्ग में दिव्या त्रिपाठी, भावना प्रिया व परिधि बहुखंडी क्रमश: पहले, दूसरे व तीसरे स्थान पर रहे। इसके अलावा पूर्व में हुई पावर लिफ्टिंग, स्विमिंग, स्कैवश, स्नूकर, बैडमिंटन आदि प्रतियोगिताओं के विजेताओं की भी घोषणा हुई।
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आईआईएम-एल ने पूरे किए स्थापना के 35 साल, 27 विद्यार्थियों से 1985 में शुरू हुआ था पहला बैच
इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट, लखनऊ (आईआईएम-एल) ने शनिवार को अपनी स्थापना के 35 साल पूरे किए। 27 जुलाई 1984 में तत्कालीन इंडियन काउंसिल ऑफ फिलॉसिफिकल रिसर्च सेंटर (बटलर पैलेस) के अस्थाई कैंपस से हुई शुरूआत आज 200 एकड़ के वृहद परिसर के साथ नोएडा कैंपस तक विस्तार ले चुकी है। शनिवार को विविध कार्यक्रमों के साथ धूमधाम से स्थापना दिवस मनाया गया।
यूं तो आईआईएम लखनऊ की स्थापना का निर्णय 1982 में ही लिया गया था, लेकिन इसकी स्थापना 27 जुलाई 1984 को हुई। तब बटलर पैलेस स्थित एक सेंटर में अस्थायी कैंपस बनाया गया। लगभग 7 महीने बाद यह महसूस हुआ कि यहां पर्याप्त जगह नहीं है। 30 मार्च 1985 में यह गिरि इंस्टीट्यूट की नई बिल्डिंग में शिफ्ट हुआ। हालांकि यह भी अस्थाई कैंपस ही था। यहां 14 कमरों में क्लास व ऑफिस की शुरूआत हुई। 30 विद्यार्थियों के लिए छात्रावास की भी व्यवस्था हुई। कॉमन एंट्रेंस टेस्ट (कैट) से 27 विद्यार्थियों के साथ पहले बैच की शुरूआत हुई। आज यहां प्रथम वर्ष में प्रवेश लेने वालों की संख्या बढ़कर लगभग 480 (लखनऊ कैंपस) तक पहुंच गई है। 1987 में वर्तमान के आईआईएम रोड स्थित जमीन तय हुई और फिर उस पर तेजी से निर्माण कार्य की शुरूआत हुई। इस बीच क्लार्क अवध में 1987 में पहले बैच का दीक्षांत समारोह भी आयोजित हुआ। संस्थान 1992 में अपने नवनिर्मित विशाल परिसर में पूरी तरह शिफ्ट हुआ। वर्तमान में संस्थान में 7 पीजी कोर्स चल रहे हैं। जबकि फैकल्टी की संख्या 84 है। आईआईएम के सीसीएमआर चेयरपर्सन प्रो. विकास श्रीवास्तव ने बताया कि वर्तमान में यहां विभिन्न कोर्सों में लगभग 1500 विद्यार्थी पढ़ाई कर रहे हैं और लगभग 6000 विद्यार्थी अब तक डिग्री प्राप्त कर चुके हैं।
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स्थापना दिवस पर पौधरोपण व क्रास कंट्री दौड़ का आयोजन
संस्थान के स्थापना दिवस समारोह की शुरूआत 20 जुलाई से हुई और शनिवार को पौधरोपण, क्रास कंट्री दौड़ व सांस्कृतिक संध्या का आयोजन हुआ। सुबह निदेशिका प्रो. अर्चना शुक्ला ने शिक्षकों, कर्मचारियों व विद्यार्थियों के साथ परिसर में नीम, जामुन, महुआ आदि पौधे रोपे। उन्होंने कहा कि आज पर्यावरण संरक्षण एक महत्वपूर्ण मुद्दा है। आईआईएम ने हमेशा इस दिशा में बेहतर काम किया है।
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जल्द ही संस्थान में ईडब्ल्यूएस रिजर्वेशन के तहत छात्रावास का निर्माण होना है। इससे पहले परिसर में काफी संख्या में पौधरोपण किया जाएगा। हमें ज्यादा से ज्यादा औषधीय पौधे लगाने चाहिए। इस क्रम में शाम को क्रास कंट्री दौड़ का आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थी, शिक्षक, कर्मचारी व उनके परिवारीजनों ने भी शिरकत की। इसमें पुरुष वर्ग में मिलन गुप्ता ने प्रथम, मनीष मनोहर ने दूसरा व अभिषेक कुमार ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। महिला वर्ग में दिव्या त्रिपाठी, भावना प्रिया व परिधि बहुखंडी क्रमश: पहले, दूसरे व तीसरे स्थान पर रहे। इसके अलावा पूर्व में हुई पावर लिफ्टिंग, स्विमिंग, स्कैवश, स्नूकर, बैडमिंटन आदि प्रतियोगिताओं के विजेताओं की भी घोषणा हुई।