फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   homgaurd arrested in suicide of police woman

महिला आरक्षी के खुदकुशी मामले में होमगार्ड पर मुकदमा, गिरफ्तार

Tue, 12 Jan 2021 02:14 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Tue, 12 Jan 2021 02:14 AM IST
विज्ञापन
homgaurd arrested in suicide of police woman
लखनऊ। मोहनलालगंज के मऊ मोहल्ले में किराए केकमरे में रहने वाली उर्मिला (24) 112 की पीआरवी में तैनात थी। रविवार रात को उसने खुदकुशी कर ली। पुलिस ने निगोहां थाने पर तैनात होमगार्ड जितेंद्र कुमार शर्मा पर खुदकुशी के लिए उकसाने का मुकदमा दर्ज कर लिया है। उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। आरोपी की बाइक भी पुलिस को आरक्षी के घर के बाहर खड़ी मिली।
विज्ञापन

प्रभारी निरीक्षक मोहनलालगंज दीनानाथ मिश्रा के मुताबिक, उर्मिला मूलरूप से अयोध्या के तारून नागपाली की रहने वाली थी। उसके भाई दिलीप वर्मा ने तहरीर दी जिसमें होमगार्ड जितेंद्र शर्मा पर उकसाने का आरोप था। उसी के आधार पर होमगार्ड के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। जितेंद्र निगोहां थाने में तैनात था। दिलीप का आरोप है कि जितेंद्र की मुलाकात करीब एक साल पहले उर्मिला से मोहनलालगंज थाने में तैनाती के दौरान हुई थी। तब से वह बहन को परेशान कर रहा था। वह बहन से एकतरफा प्यार करता था। उसे मेसेज और कॉल करके परेशान करता था। वह बहन के कमरे पर भी पहुंच जाता था। बहन जितेंद्र की हरकतों से परेशान थी। कई बार बहन ने यह बात मुझसे भी बताई। विरोध किया तो जितेंद्र ने धमकी दी थी। जितेंद्र की हरकतों से परेशान होकर उसकी बहन ने खुदकुशी की है।
विज्ञापन

झाड़ियों में मिला आरक्षी का मोबाइल
प्रभारी निरीक्षक दीनानाथ मिश्रा के मुताबिक, पुलिस जब पहुंची तो आरक्षी उर्मिला का मोबाइल गायब था। पुलिस ने उसकी तलाश की। काफी देर बाद वह घर से कुछ दूर पर झाड़ियों में मिला। पुलिस ने मोबाइल को कब्जे में ले लिया है। मोबाइल पैटर्न लॉक होने के कारण खोला नहीं जा सका है। इसके लिए मोबाइल को एक्सपर्ट के पास भेजा जा रहा है। पुलिस मोबाइल पर आये मेसेज के आधार पर आगे की कार्रवाई करेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

एक माह पहले खरीदी थी स्कूटी
गरीब परिवार की उर्मिला वर्मा 2018 में पुलिस विभाग में आरक्षी पद पर भर्ती हुई तो मानो उसके सपनो को पंख लग गए। वह नौकरी कर अपने माता-पिता सहित पूरे परिवार का भरण पोषण करती थी। एक माह पहले ही उर्मिला ने नई टीवीएस स्कूटी खरीदी और उसे चलाना सीख रही थी। 112 पीआरवी 0531 में तैनात थी। पीआरवी पर तैनात बलराम सिंह ने बताया कि रविवार रात दस बजे से आरक्षी उर्मिला की उसके साथ ही पीआरवी में ड्यूटी थी लेकिन वो नहीं पहुंची थी। टाइम पर पीआरवी वाहन में न आने पर उर्मिला के मोबाइल पर फोन किया लेकिन वो मिल नहीं रहा था। रात 11 बजे उर्मिला के आत्महत्या करने की खबर मिली तो सभी परेशान हो गए।

व्हाट्सएप पर दोस्त को मेसेज करने के बाद दी जान
आरोपी होमगार्ड जितेन्द्र कुमार शर्मा ने बताया कि रविवार रात नौ बजे के करीब उसके वाट्सएप मैसेंजर पर मेसेज करते हुए उर्मिला ने लिखा था कि तुमने इसके पहले तो मुझे आत्महत्या करने से रोक लिया था। अब चाहकर भी नहीं रोक पाओगे। मैं जान देने जा रही हूं। जीतेन्द्र ने बताया कि मेसेज देखते ही वो लखनऊ से अपनी ड्यूटी छोड़कर तुरंत उर्मिला को बचाने के लिए बाइक से मोहनलालगंज पहुंचा लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। आरोपी होमगार्ड जीतेन्द्र ने परिवारीजनों के आरोपों को खारिज करते हुए बताया कि वह और उर्मिला अच्छे दोस्त थे। निगोहां में तैनाती के दौरान उसकी दोस्ती हुई थी। इसके बाद से वो जरूरत पर उर्मिला की मदद कर देता था। एक माह पहले उर्मिला ने जो स्कूटी खरीदी थी वो भी उसके ही नाम थी। जितेन्द्र ने बताया कि हर माह उसे जो वेतन मिलता था वो अपनी बीमार मां के इलाज समेत परिवार के भरण पोषण में लगाती थी। उसके बाद भी परिवारीजन संतुष्ट नहीं थे। इसके चलते वो डिप्रेशन में थी और तीन माह पहले ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या करने जा रही थी। पता चलने पर उसे आत्महत्या करने से रोकने के साथ समझाया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed