फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Hajj Yatra: Now people above 65 years of age will not be able to do Hajj alone, husband and wife will be able

Hajj yatra: अब 65 साल के ऊपर के लोग अकेले नहीं कर सकेंगे हज यात्रा, पति-पत्नी को मिल सकेगा अलग-अलग मददगार

Mon, 14 Jul 2025 08:17 PM IST
रोहित मिश्र अमर उजाला, सिटी रिपोर्टर, लखनऊ
अमर उजाला, सिटी रिपोर्टर, लखनऊ Published by: रोहित मिश्र Updated Mon, 14 Jul 2025 08:17 PM IST
सार

Hajj pilgrimage 2026: हज 2026 के लिए नियमों में कुछ बदलाव किया जा रहा है। अब हज यात्रा में 65 साल से ऊपर के लोग अकेले इस यात्रा पर नहीं जा सकेंगे। 

विज्ञापन
Hajj Yatra: Now people above 65 years of age will not be able to do Hajj alone, husband and wife will be able
हज यात्रा 2026 की तैयारी शुरू। - फोटो : पीटीआई

विस्तार

हज पर जाने की ख्वाहिश रखने वाले 65 वर्ष या इससे ऊपर के आवेदक अकेले हज पर नही जा सकेंगे। उन्हें अपने साथ एक मददगार (कम्पेनियन) को ले जाना जरूरी होगा। हज पर जाने वाले बुजुर्ग पति-पत्नी को भी अलग-अलग मददगार लेना होगा। हज कमेटी ऑफ इंडिया ने मददगार की उम्र 18 से 60 वर्ष तय की है। वहीं, बगैर महरम कैटेगरी की 65 वर्ष या इससे ऊपर की महिलाओं को भी अपने साथ एक महिला सहयोगी को ले जाना जरूरी होगा।
विज्ञापन


हज 2026 की पॉलिसी में 65 वर्ष या इससे ऊपर के बुजुर्ग हज यात्रियों के अकेले हज पर जाने पर रोक लगाई गई है। उन्हें अपने साथ एक सहयोगी ले जाना जरूरी किया गया है। सहयोगी की उम्र 18 से 60 तय की गई है। ऐसे में हज पर जाने वाले बुजुर्ग पति-पत्नी को अलग-अलग दो सहयोगी साथ ले जाना होगा। वहीं, पत्नी की उम्र 60 वर्ष इससे कम होने पर उन्हें पति का सहयोगी मान लिया जाता है लेकिन पत्नी की उम्र 62 या 63 होने पर हज पालिसी के मुताबिक उन्हें सहयोगी नही माना जाएगा। ऐसे में बुजुर्ग कैटेगरी के हज यात्रियों के सामने कई मुश्किलें खड़ी होने की संभावना है। वहीं, सहयोगी का अतिरिक्त खर्च भी उन्हें वहन करना होगा।
विज्ञापन


महरम कैटेगरी की बुजुर्ग महिलाओं को लेना होगा सहयोगी
हज पॉलिसी में बिना महरम कैटेगरी में 45 वर्ष से ज्यादा उम्र की महिला हज के लिए चार महिलाओं के समूह में आवेदन कर सकेगी। इस कैटेगरी में 65 साल या इससे ऊपर उम्र होने पर एक महिला सहयोगी को ले जाना जरूरी होगा। सहयोगी की उम्र 45 से 60 वर्ष के बीच तय की गई है। ऐसी महिलाएं जिनके साथ शरई महरम (ऐसे पुरुष साथी जिनसे पर्दा न हो) के तौर पर कोई पुरुष न हो। ऐसी महिला बिना महरम कैटेगरी में शामिल हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


तय हुई सहयोगी की उम्र
राज्य हज कमेटी के सचिव एसपी तिवारी ने बताया कि बुजुर्ग हज यात्रियों की सहूलियत के लिए सहयोगी जाना जरूरी किया गया है। सहयोगी की उम्र 18 से 60 वर्ष होने से कई दिक्कतों की जानकारी आ रही है। हज कमेटी ऑफ इंडिया को पत्र भेज कर नियम में छूट देने का अनुरोध किया जाएगा।
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed