फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   governer studied in group with students

घर से किताब ले बच्चों संग पढ़ने पहुंची राज्यपाल

Wed, 02 Oct 2019 01:51 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Wed, 02 Oct 2019 01:51 AM IST
विज्ञापन
governer studied in group with students
घर से किताब लेकर बच्चों संग पढ़ने पहुंचीं राज्यपाल
विज्ञापन

राजधानी में एक साथ 10 लाख लोगों के किताब पढ़ने का दावा, रिकॉर्ड के लिए किया जाएगा आवेदन
राजधानी के सभी शैक्षणिक संस्थानों में मंगलवार को अलग ही नजारा देखने को मिला। विद्यार्थियों के साथ ही शिक्षक और कर्मचारी बिना बातचीत किए एक साथ किताबें पढ़ने में मशगूल थे। कक्षाओं के साथ ही खेल के मैदान, लाइब्रेरी, कार्यालय और सभागार हर जगह सभी के हाथों में किताबें थीं। ज्यादातर हाथों में गांधीजी के जीवन पर आधारित किताबें थीं। जबकि कुछ विद्यार्थी अपनी पसंद की अन्य किताबें भी लेकर आए थे। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल खुद घर से किताबें लेकर बच्चों के साथ पढ़ने के लिए राजकीय इंटर कॉलेज निशातगंज पहुंचीं। यह पूरा माहौल ‘पढ़े लखनऊ’ अभियान की वजह से था।
राज्यपाल आनंदीबेन पटेल की पहल पर शुरू हुए ‘पढ़े लखनऊ’ अभियान की मंगलवार को औपचारिक शुरुआत हुई, इसकी थीम गांधीजी पर आधारित थी। इसके बाद हर महीने की पहली तारीख को सभी शैक्षणिक संस्थानों में एक साथ बच्चे अपनी पसंद की कोई किताब पढ़ेंगे। इसके लिए सुबह 11 बजे से 11:45 बजे तक का समय भी निर्धारित किया गया है। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल के निर्देश पर लखनऊ विश्वविद्यालय, श्री जय नारायण कॉलेज, नेशनल पीजी कॉलेज, नवयुग कन्या महाविद्यालय, अवध गर्ल्स कॉलेज, आईटी कॉलेज, करामत कॉलेज, शिया पीजी कॉलेज समेत राजधानी के प्राइमरी और माध्यमिक विद्यालयों के साथ ही सभी बोर्ड के विद्यार्थियों ने इस सामूहिक पुस्तक पाठन अभियान में भागीदारी की।
विज्ञापन

लविवि समेत कई संस्थानों में होता रहा राज्यपाल का इंतजार
‘पढ़े लखनऊ’ अभियान के तहत सभी संस्थानों में इसका आयोजन होना था। राज्यपाल ने घोषणा की थी कि वे किसी भी संस्थान में पहुंच सकती हैं। हालांकि लविवि, नेशनल पीजी कॉलेज और राजकीय कन्या इंटर कॉलेज गोमतीनगर जाने के लिए उनका कार्यक्रम भी प्रस्तावित हुआ। इनके साथ ही अन्य संस्थानों में भी राज्यपाल का इंतजार होता रहा और वे निशातगंज स्थित राजकीय इंटर कॉलेज पहुंच गईं। यहां पर उन्होंने स्मार्ट क्लासरूम में बच्चों के बीच बैठकर 45 मिनट तक किताब पढ़ी। अपनी किताब वे खुद लाई थीं जबकि बच्चों को किताबें स्कूल से दी गई थीं।
विज्ञापन
विज्ञापन

स्कूल की हालत का लिया जायजा
राज्यपाल ने किताब पढ़ने के बाद राजकीय इंटर कॉलेज निशातगंज का निरीक्षण भी किया। उन्होंने जिला विद्यालय निरीक्षक से स्कूल की हालत खराब होने तथा इसके संबंध में भेजे गए प्रस्ताव पर भी बातचीत की। जिला विद्यालय निरीक्षक डॉ. मुकेश सिंह ने उन्हें विद्यालय के विकास के लिए भेजे गए प्रस्ताव की जानकारी दी।
सबसे ज्यादा पढ़ी गई ‘हिंद स्वराज’ और ‘सत्य के प्रयोग’
पहली बार की थीम गांधीजी पर आधारित थी, इसलिए बच्चे और शिक्षक खुद भी गांधीजी पर आधारित किताब लेकर आए थे। लविवि ने विद्यार्थियों के लिए ‘हिंद स्वराज’ और शिक्षकों के लिए ‘सत्य के प्रयोग’ किताब की व्यवस्था की थी। इसके अलावा गांधीजी के जीवन पर आधारित अन्य किताबें भी इस दौरान पढ़ी गईं।

रिकॉर्ड के लिए किया जाएगा आवेदन
लविवि के साथ ही 2500 से ज्यादा शिक्षण संस्थानों में एक साथ किताब पढ़ने का यह अनूठा प्रयास है। राज्यपाल की प्रेरणा से इसकी शुरुआत हुई है। करीब 10 लाख विद्यार्थियों ने इसमें भाग लिया है। इसका रिकॉर्ड मंगाया जा रहा है। 24 घंटे के भीतर हम रिकॉर्ड के लिए आवेदन करेंगे।
- प्रो. एसपी सिंह,
कुलपति, लविवि (नोडल प्रभारी ‘पढ़े लखनऊ’)
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed