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अगले साल अक्तूबर-नवंबर में हो सकती है ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट, सीएम ने दिए तैयारियों के निर्देश

Wed, 25 Dec 2019 08:38 AM IST
शाहरुख खान ब्यूरो, अमर उजाला, लखनऊ
ब्यूरो, अमर उजाला, लखनऊ Published by: शाहरुख खान Updated Wed, 25 Dec 2019 08:38 AM IST
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Global Investors Summit can be held in October-November next year
फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
प्रदेश में अगले साल अक्तूबर-नवंबर में ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट का आयोजन किया जा सकता है। प्रदेश में ज्यादा से ज्यादा पूंजी निवेश लाने के मकसद से विदेशों में रोड शो भी होंगे। 
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इसके अलावा देश के बड़े शहरों में भी ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के लिए रोड शो आयोजित करके उद्योगपतियों को आमंत्रित किया जाएगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को अक्तूबर-नवंबर 2020 को ध्यान में रखते हुए समिट की तैयारियां करने के निर्देश दिए हैं। 
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निवेशकों को जमीन के लिए ज्यादा इंतजार न करना पड़े इसके लिए लैंड बैंक तैयार करने को भी कहा गया है। मुख्यमंत्री ने मंगलवार को अपने सरकारी आवास पर ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट केआयोजन के संबंध में औद्योगिक विकास विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक की। 
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बैठक में औद्योगिक विकास मंत्री सतीश महाना तथा एमएसएमई मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह भी मौजूद थे। अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को बताया कि ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट में ज्यादा से ज्यादा निवेशकों की भागीदारी और निवेश लाने के मकसद से देश के बड़े शहरों के साथ-साथ अमेरिका, ब्रिटेन, कनाडा, चीन, फ्रांस, रूस, सिंगापुर, यूएई, नीदरलैंड समेत अन्य देशों में रोड शो आयोजित किए जाएंगे।

विभागीय अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को बताया कि ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट में आठ से 10 लाख करोड़ रुपये के एमओयू का प्रस्ताव है। मुख्यमंत्री ने इसे और बढ़ाने का निर्देश देते हुए कहा कि इसके लिए सभी जरूरी तैयारियां की जाएं। 

बैठक में मुख्यमंत्री ने अफसरों से पिछले साल लखनऊ में हुई इन्वेस्टर्स समिट के दौरान किए गए एमओयू के क्रियान्वयन के संबंध में भी जानकारी ली। मुख्यमंत्री को बताया गया कि सभी एमओयू को धरातल पर उतारने के लिए 1500 एकड़ जमीन की जरूरत है। 

समीक्षा के दौरान यह भी सामने आया कि बीते साल एमओयू करने वाले 25 फीसदी निवेशकों को ही जमीन मिल पाई है। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि निवेशकों को जमीन के लिए लंबा इंतजार न करना पड़े इसके लिए निवेशकों की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए पहले से ही लैंड बैंक तैयार कर लिया जाए।
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