स्वाइन फ्लू के मरीजों पर सरकार हुई मेहरबान
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सूबे में स्वाइन फ्लू के मरीजों का मुफ्त इलाज होगा। वहीं इसकी जांच के लिए सभी मेडिकल कॉलेजों में लैब स्थापित किए जाएंगे। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने ये बातें रविवार को स्वाइन फ्लू को लेकर स्वास्थ्य विभाग की तैयारियों की समीक्षा बैठक में कही।
उन्होंने कहा कि इस रोग से निपटने के लिए बजट की कोई कमी नहीं होने दी जाएगी। इसमें लापरवाही व शिथिलता बरतने वाले डॉक्टरों व कर्मचारियों को बख्शा नहीं जाएगा।
उन्होंने स्वास्थ्य महकमे के अधिकारियों से कहा कि केजीएमयू, पीजीआई, सभी अस्पतालों व मेडिकल कॉलेजों में स्वाइन फ्लू के मरीजों को निशुल्क इलाज सुनिश्चित कराया जाए। मरीजों को स्थानीय स्तर पर इलाज मिल सके, इसके लिए शासकीय अस्पतालों में टैमी फ्लू की दवा की पर्याप्त मात्रा भेजी जाए।
भेजी जाएगी टीम
उन्होंने कहा कि जिन स्थानों से स्वाइन फ्लू के मामले सामने आ रहे हैं। वहां चिकित्सकों की टीम भेजी जाए। वहीं उनका इलाज कर रहे डॉक्टरों व पैरामेडिकल स्टाफ को संक्रमण से बचाने के लिए पर्याप्त इंतजाम किए जाएं। यह टीम मरीजों के परिवारीजनों की काउंसलिंग कर उन्हें स्वाइनफ्लू के प्रति जागरूक भी करे। साथ ही सभी शिक्षण संस्थानों में कैंप लगाए जाएं।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि स्वाइन फ्लू की जांच के लिए केजीएमयू और पीजीआई के लैब छुट्टी के दिनों में भी खोली जाए ताकि मरीजों को समय पर रिपोर्ट मिल सके।
उन्होंने कहा कि सभी राजकीय मेडिकल कॉलेज/संस्थान आगरा, मेरठ, झांसी, गोरखपुर, अंबेडकरनगर और सैफई-इटावा में कार्य योजना बनाकर शीघ्र स्वाइन फ्लू जांच की सुविधा उपलब्ध कराई जाए।