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एक शिक्षक पढ़ा रहे चार-चार बीएड-बीटीसी कॉलेज में
सचिन त्रिपाठी/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 03 Aug 2017 05:07 PM IST
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बीएड
- फोटो : file photo
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बीएड-बीटीसी और डिग्री कॉलेजों में शिक्षकों के अनुमोदन में जमकर फर्जीवाड़ा हो रहा है। राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एससीईआरटी) की ओर से उसकी वेबसाइट पर डाली गई सूची से इसका खुलासा हुआ है।
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एससीईआरटी ने अपनी वेबसाइट पर प्रदेश भर के बीटीसी कॉलेजों में कार्यरत शिक्षकों की सूची जारी की है। इसमें एक-एक शिक्षक को कई कॉलेजों में कार्यरत दिखाया गया है, जबकि नियमानुसार कोई शिक्षक एक से ज्यादा कॉलेज में नियमित रूप से नियुक्त नहीं हो सकता।
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उच्च शिक्षा उत्थान समिति ने वेबसाइट पर डाली गई सूची का अन्य कॉलेजों से मिलान करके 50 से ज्यादा फर्जी शिक्षकों का ब्योरा बुधवार को एससीईआरटी निदेशक सर्वेंद्र विक्रम सिंह को सौंपा। इस पर उन्होंने शिक्षकों के सत्यापन के आदेश जारी किए हैं।
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राज्य सरकार के नियमों के अनुसार कॉलेज को मान्यता लेते समय पढ़ाने वाले शिक्षकों का ब्योरा देना होता है। बीएड, बीटीसी या सामान्य डिग्री कॉलेज में अनुमोदन के लिए शिक्षक को समिति के सामने साक्षात्कार से गुजरना होता है। इसके बाद ही उसका अनुमोदन किया जाता है।
यह अनुमोदन नियमित शिक्षकों के लिए होता है। ऐसा शिक्षक एक साथ दो कॉलेज में नहीं पढ़ा सकता। जानकारों के अनुसार, कॉलेज तय योग्यता वाले शिक्षकों का अनुमोदन करा लेते हैं, लेकिन बाद में अनुमोदित शिक्षकों के बजाय कम वेतन पर अयोग्य शिक्षकों से पढ़ाई करवाई जाती है।