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Lucknow News: घायलों का सबसे पहले रक्तस्राव रोकने का करें प्रयास
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ट्रॉमा सेंटर।
लखनऊ। ट्रॉमा सेंटर में आने वाले घायल मरीजों का सबसे पहले रक्तस्राव रोकने का प्रयास करें। मरीज को सांस लेने में तकलीफ है तो रुकावट का पता लगाकर उसे दूर करें। इससे मरीज की जान बचाई जा सकती है। ये बातें केजीएमयू ट्रॉमा सर्जरी विभाग के डॉ. समीर मिश्र ने दी। वह शुक्रवार को केजीएमयू व आर्मी मेडिकल कोर सेंटर एवं प्रशिक्षण कॉलेज की ओर से ट्रॉमा लाइफ सपोर्ट प्रशिक्षण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। एएमसी एवं प्रशिक्षण कॉलेज में तीन दिवसीय एडवांस ट्रॉमा लाइफ सपोर्ट प्रशिक्षण कार्यक्रम चल रहा है।
डॉ. समीर मिश्र ने कहा कि घायल के ब्लड प्रेशर पर नजर बनाए रखें। दिल की धड़कन और सांस लेने की दर जैसे महत्वपूर्ण संकेतों पर भी नजर रखें। हालत स्थिर होने के बाद सिर, रीढ़ की हड्डी या अन्य गंभीर चोट का आंकलन करें। कुछ चोट जैसे गंभीर जलन के लिए तत्काल सर्जरी की जरूरत हो सकती है।
केजीएमयू प्लास्टिक सर्जरी विभाग के डॉ. दिव्य नारायण उपाध्याय ने कहा कि ट्रॉमा में मरीज बढ़ते जा रहे हैं। ट्रॉमा से बचाव के लिए एटीएलएस प्रशिक्षण अत्यंत आवश्यक है। इससे प्रशिक्षित डॉक्टर ट्रॉमा मरीजों की जान बचा सकते हैं। कार्यक्रम में डॉ. एमसी मिश्रा, कर्नल विकास चावला, डॉ. विनोद जैन, डॉ. हेमलता, डॉ. नेहा राय, डॉ. यादवेंद्र, डॉ. आनंद कटियार, डॉ. वैभव जायसवाल, डॉ. संदीप साहू, डॉ. गौरव मित्तल, डॉ. रुद्रमणी व कोर्स को-ऑर्डिनेटर शालिनी गुप्ता व शिखा गुप्ता उपस्थित रहीं।
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डॉ. समीर मिश्र ने कहा कि घायल के ब्लड प्रेशर पर नजर बनाए रखें। दिल की धड़कन और सांस लेने की दर जैसे महत्वपूर्ण संकेतों पर भी नजर रखें। हालत स्थिर होने के बाद सिर, रीढ़ की हड्डी या अन्य गंभीर चोट का आंकलन करें। कुछ चोट जैसे गंभीर जलन के लिए तत्काल सर्जरी की जरूरत हो सकती है।
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केजीएमयू प्लास्टिक सर्जरी विभाग के डॉ. दिव्य नारायण उपाध्याय ने कहा कि ट्रॉमा में मरीज बढ़ते जा रहे हैं। ट्रॉमा से बचाव के लिए एटीएलएस प्रशिक्षण अत्यंत आवश्यक है। इससे प्रशिक्षित डॉक्टर ट्रॉमा मरीजों की जान बचा सकते हैं। कार्यक्रम में डॉ. एमसी मिश्रा, कर्नल विकास चावला, डॉ. विनोद जैन, डॉ. हेमलता, डॉ. नेहा राय, डॉ. यादवेंद्र, डॉ. आनंद कटियार, डॉ. वैभव जायसवाल, डॉ. संदीप साहू, डॉ. गौरव मित्तल, डॉ. रुद्रमणी व कोर्स को-ऑर्डिनेटर शालिनी गुप्ता व शिखा गुप्ता उपस्थित रहीं।
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