UP: रंगदारी न देने पर दबंगों ने की ताबड़तोड़ फायरिंग...मजदूरों को पीटा, पीड़ित बोला- इंस्पेक्टर दे रहे संरक्षण
राजधानी में रंगदारी न देने पर दबंगों ने ताबड़तोड़ फायरिंग की। मजदूर जान बचाकर भागे तो उन पर ईटें बरसाईं। पीड़ित ने कहा कि इंस्पेक्टर आरोपियों को संरक्षण दे रहे हैं। आगे पढ़ें पूरी खबर...
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विस्तार
राजधानी लखनऊ में रविवार की दोपहर रंगदारी न मिलने पर दबंगों ने ताबड़तोड़ फायरिंग करके दहशत फैला दी। आरोपी प्लॉट मालिक से निर्माण के एवज में 30 लाख रुपये की रंगदारी मांग रहे थे। दो दिन पहले भी उन्होंने प्लॉट पर पहुंचकर हवाई फायरिंग व मजदूरों की पिटाई की थी। पीड़ित ने थाने में तहरीर दी, लेकिन मुकदमा नहीं दर्ज किया गया। इससे वह और मनबढ़ हो गए। अब दोबारा हुई इस घटना का सीसीटीवी सामने आने के बाद केस दर्ज किया गया है।
घटना दुबग्गा थाना क्षेत्र के एसीपी काकोरी दफ्तर के पास की है। अमीनाबाद के मॉडल हाउस निवासी आढ़ती फाहम जहीर ने बताया कि 1988 में उन्होंने एसीपी काकोरी दफ्तर के पास प्लॉट खरीदा था। दो महीने पहले एलडीए से नक्शा पास कराकर निर्माण कार्य शुरू कराया। काम शुरू होते ही कुछ दबंग मकान बनाने के एवज में 30 लाख की रंगदारी मांगने लगे। डेढ़ महीने पहले हुई इस घटना के संबंध में उन्होंने पुलिस से शिकायत भी की।
मजूदर जान बचाकर भागे
आरोप है कि उनकी शिकायत पर पुलिस ने कुछ भी नहीं किया। इसके चलते आरोपियों के हौसले बढ़ गए। रविवार की दोपहर फाहम के प्लॉट पर मजदूर काम कर रहे थे। इस बीच वहां पहुंचे आरोपी एक बार फिर रंगदारी मांगने लगे। इस दौरान ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। इससे काम कर रहे मजूदर जान बचाकर भागने लगे।
आरोपियों ने मजदूरों पर चलाए ईंट-पत्थर
पीड़ित फाहम ने बताया कि दहशत फैलाने के लिए आरोपियों ने न सिर्फ कई राउंड फायरिंग की, बल्कि ईंट-पत्थर भी चलाए। जानकारी होने पर कुछ लोगों के साथ वह प्लॉट पहुंचे। साथ ही पुलिस को सूचना दी। पुलिस के आने से पहले आरोपी भाग निकले। यह पूरी घटना वहां लगे सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हो गई। पीड़ित ने क्षेत्र के बेगरिया गांव निवासी कुछ युवकों के खिलाफ नामजद तहरीर दी।
16 जनवरी को भी मजदूरों को पीटा था
प्लॉट मालिक ने बताया कि 16 जनवरी को भी आरोपी उनके प्लॉट पर रात के वक्त आ धमके थे। खाना बना रहे मजदूरों को पीटा था। इसमें तीन मजदूरों को चोट भी आई थी। उन्होंने पुलिस से शिकायत की थी, पर केस दर्ज नहीं किया गया। आरोपी इस तरह पूरे इलाके में लोगों से रंगदारी मांगते हैं। उनके खिलाफ कई केस भी दर्ज हैं। उन्होंने इंस्पेक्टर अभिनव वर्मा पर आरोपियों को संरक्षण देने का भी आरोप लगाया है।
तीन टीमें आरोपियों की तलाश में जुटीं, दो गिरफ्तार
डीसीपी पश्चिम विश्वजीत श्रीवास्तव ने बताया कि फाहम की तहरीर पर इलाके के ही सत्येंद्र रावत, सौरभ रावत, विक्रांत साहू, उमेश, तीर्थराम, सुफियान, इस्लाम, सनी खान व उनके कुछ अज्ञात साथियों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। पुलिस की तीन टीमें उनकी तलाश में लगी हैं। देर रात आरोपी विक्रांत साहू और उसके एक साथी को गिरफ्तार कर लिया गया है। दोनों से पूछताछ की जा रही है।