फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   fir against ram murti verma

हत्या के मामले में अखिलेश के मंत्री के खिलाफ एफआईआर

Tue, 09 Jun 2015 08:45 PM IST
टीम/डिजिटल, लखनऊ
टीम/डिजिटल, लखनऊ Updated Tue, 09 Jun 2015 08:45 PM IST
विज्ञापन
fir against ram murti verma
पत्रकार जगेंद्र सिंह की मौत के मामले में प्रदेश सरकार के पिछड़ा वर्ग कल्याण राज्यमंत्री राममूर्ति सिंह वर्मा, सदर कोतवाली के तत्कालीन प्रभारी श्रीप्रकाश राय सहित छह लोगों के खिलाफ हत्या, साजिश रचने, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है।
विज्ञापन


जगेंद्र एक जून को अपने आवास विकास स्थित घर में पुलिस दबिश के दौरान जल गए थे। पुलिस जगेंद्र को अपहरण और हत्या के प्रयास की कोशिश के मामले में गिरफ्तार करने गई थी।
विज्ञापन


पुलिस का कहना था कि जगेंद्र ने दबिश के दौरान दरवाजा नहीं खोला और बंद मकान में खुद को आग लगाई थी जबकि जगेंद्र ने पुलिस पर जिंदा जलाने का आरोप लगाया था।
विज्ञापन
विज्ञापन


मूलरूप से खुटार के रहने वाले पत्रकार जगेंद्र सिंह शाहजहांपुर शहर में पुरानी आवास विकास कॉलोनी स्थित मकान में रहते थे। एक जून को वह अपने मकान में गंभीर रूप से जल गए थे। जगेंद्र सिंह ने शाहजहांपुर कोतवाली के तत्कालीन प्रभारी सहित कई लोगों पर पेट्रोल डालकर जला देने का आरोप लगाया था।

जबकि कोतवाल का कहना था कि जगेंद्र सिंह के खिलाफ 12 मई को अमित भदौरिया की ओर से दर्ज कराए गए जानलेवा हमला और अपहरण की कोशिश के मामले में वह उन्हें गिरफ्तार करने गए थे तो जगेंद्र ने खुद अपने आग लगा ली।

क्या था मामला

fir against ram murti verma
जगेंद्र का आरोप था कि राज्यमंत्री के खिलाफ एक और आपराधिक मामले में कार्रवाई करने के बजाए पुलिस अमित भदौरिया द्वारा लिखवाए गए झूठे मुकदमे में उन्हें गिरफ्तार कर रही थी। यह राज्यमंत्री के इशारे पर किया गया।  जगेंद्र सिंह ने  मजिस्ट्रेट के समक्ष ये बयान दर्ज कराया था।

गंभीर रूप से झुलसे  जगेंद्र को बाद में बेहतर इलाज के लिए लखनऊ भेजा गया था, जहां आठ जून को दोपहर में उनका निधन हो गया। पोस्टमार्टम के बाद सोमवार देर रात उनका शव घर पहुंचा तो कोहराम मच गया।

बवाल की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने पीएसी के साथ ही कई थानों की फोर्स  खुटार में तैनात कर दी थी। सीओ और एसडीएम भी रात में कई बार जगेंद्र के घर गए और परिवार के लोगों से बात की।

मंगलवार को परिवारवालों ने मंत्री सहित अन्य लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने की मांग करते हुए तहरीर दी, लेकिन पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की। इस पर आक्रोशित परिवार के लोगों ने शव को चिता पर रखने के बाद अंतिम संस्कार करने से इंकार कर दिया।

लगभग चार घंटे तक चले हंगामे के बाद जगेंद्र सिंह के बेटे राघवेंद्र सिंह की ओर से पिछड़ा वर्ग कल्याण राज्यमंत्री राममूर्ति सिंह वर्मा, शाहजहांपुर कोतवाली के तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक श्रीप्रकाश राय, ब्रह्म कुमार दीक्षित, अमित प्रताप सिंह भदौरिया, गुफरान, आकाश गुप्ता के खिलाफ खुटार थाने में धारा 302, 504, 506, 120 बी के तहत रिपोर्ट दर्ज कर ली गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed