{"_id":"68f5449494d405e4390e4172","slug":"fewer-seats-more-jostling-lucknow-news-c-13-knp1050-1435609-2025-10-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lucknow News: सीटें कम, धक्कामुक्की ज्यादा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lucknow News: सीटें कम, धक्कामुक्की ज्यादा
विज्ञापन
चारबाग स्टेशन पर यात्रियों की भीड़।
लखनऊ। दीपावली पर राजधानी के बस अड्डों और रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। चारबाग, लखनऊ जंक्शन समेत सभी प्रमुख स्टेशनों और अवध, आलमबाग, आमीनाबाद व कैसरबाग बस अड्डों पर पूरे दिन अफरातफरी का माहौल रहा। दिल्ली और मुंबई से आने वाली ट्रेनों में सीटें फुल रहीं, वहीं बसों में भी पैर रखने की जगह नहीं बची।
सुबह से ही चारों बस अड्डों पर यात्रियों की लंबी कतारें लगी रहीं। बसों की संख्या कम होने के कारण कई यात्रियों को घंटों इंतजार करना पड़ा। जैसे-जैसे बसें आतीं, लोग सीट पाने के लिए टूट पड़ते। रोडवेज की ओर से 980 बसों का संचालन किया गया, जबकि 300 अतिरिक्त बसें स्टैंडबाय रखी गईं।
चारबाग डिपो से गोरखपुर, सुल्तानपुर और गाजीपुर, अवध डिपो से अयोध्या, बस्ती और गोंडा, कैसरबाग से सीतापुर, बहराइच और रुपईडीहा, जबकि आलमबाग से कानपुर, आगरा, मथुरा और दिल्ली की ओर जाने वाली बसें यात्रियों से खचाखच भरी रहीं।
विज्ञापन
ट्रेनों में पैर रखने की जगह नहीं
त्योहार पर घर जाने की जल्दी में ट्रेनों में भी यात्रियों की जबरदस्त भीड़ रही। जनरल कोचों में शौचालय और गलियारे तक भरे रहे। दिल्ली से बिहार जाने वाली ट्रेनों के लखनऊ पहुंचने पर स्थिति यह रही कि रिजर्व सीट वाले यात्रियों को भी पहुंचने में मशक्कत करनी पड़ी। मुंबई रूट की ट्रेनों में भी ऐसा ही नजारा रहा। लंबी वेटिंग लिस्ट ने यात्रियों की परेशानी और बढ़ा दी।
लेट ट्रेनों से बढ़ी मुश्किलें
त्योहार के बीच ट्रेनों की लेटलतीफी ने यात्रियों की दिक्कतें दोगुनी कर दीं। गुरुमुखी एक्सप्रेस (12326) छह घंटे, अहमदाबाद–गोरखपुर एक्सप्रेस चार घंटे, ऊंचाहार एक्सप्रेस तीन घंटे और अमृतसर–सहरसा एक्सप्रेस 11 घंटे की देरी से चली।
विज्ञापन
सुबह से ही चारों बस अड्डों पर यात्रियों की लंबी कतारें लगी रहीं। बसों की संख्या कम होने के कारण कई यात्रियों को घंटों इंतजार करना पड़ा। जैसे-जैसे बसें आतीं, लोग सीट पाने के लिए टूट पड़ते। रोडवेज की ओर से 980 बसों का संचालन किया गया, जबकि 300 अतिरिक्त बसें स्टैंडबाय रखी गईं।
विज्ञापन
चारबाग डिपो से गोरखपुर, सुल्तानपुर और गाजीपुर, अवध डिपो से अयोध्या, बस्ती और गोंडा, कैसरबाग से सीतापुर, बहराइच और रुपईडीहा, जबकि आलमबाग से कानपुर, आगरा, मथुरा और दिल्ली की ओर जाने वाली बसें यात्रियों से खचाखच भरी रहीं।
विज्ञापन
ट्रेनों में पैर रखने की जगह नहीं
त्योहार पर घर जाने की जल्दी में ट्रेनों में भी यात्रियों की जबरदस्त भीड़ रही। जनरल कोचों में शौचालय और गलियारे तक भरे रहे। दिल्ली से बिहार जाने वाली ट्रेनों के लखनऊ पहुंचने पर स्थिति यह रही कि रिजर्व सीट वाले यात्रियों को भी पहुंचने में मशक्कत करनी पड़ी। मुंबई रूट की ट्रेनों में भी ऐसा ही नजारा रहा। लंबी वेटिंग लिस्ट ने यात्रियों की परेशानी और बढ़ा दी।
लेट ट्रेनों से बढ़ी मुश्किलें
त्योहार के बीच ट्रेनों की लेटलतीफी ने यात्रियों की दिक्कतें दोगुनी कर दीं। गुरुमुखी एक्सप्रेस (12326) छह घंटे, अहमदाबाद–गोरखपुर एक्सप्रेस चार घंटे, ऊंचाहार एक्सप्रेस तीन घंटे और अमृतसर–सहरसा एक्सप्रेस 11 घंटे की देरी से चली।

चारबाग स्टेशन पर यात्रियों की भीड़।

चारबाग स्टेशन पर यात्रियों की भीड़।

चारबाग स्टेशन पर यात्रियों की भीड़।

चारबाग स्टेशन पर यात्रियों की भीड़।

चारबाग स्टेशन पर यात्रियों की भीड़।

चारबाग स्टेशन पर यात्रियों की भीड़।