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आईटीआई में अब नए मानक से खरीदे जाएंगे उपकरण, शासन ने निर्धारित की नई प्रक्रिया
Tue, 05 Jan 2021 08:34 PM IST
पंकज श्रीवास्तव
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Tue, 05 Jan 2021 08:34 PM IST
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iti
- फोटो : अमर उजाला
राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (आईटीआई) में साज-सज्जा कराने की सामग्री, उपकरण और संयंत्र खरीदने में अब सरकारी धन का दुरुपयोग करना आसान नहीं होगा। शासन ने सामानों की खरीद में होने वाली घपलेबाजी रोकने के लिए कवायद शुरू कर दी है। अब जेम पोर्टल से सामान खरीदने की प्रक्रिया के साथ ही ‘ई-इन्वेंटरी मैनेजमेंट सिस्टम’ का सख्ती से पालन करना होगा। व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विभाग ने भी नए सिरे से सामग्री क्रय प्रबंधन की प्रक्रिया तय की है। इसमें 32 बिंदु निर्धारित किए हैं।
आईटीआई को अपडेट करने के लिए हर साल करोड़ों रुपये के उपकरण खरीदे जाते हैं। हालांकि सामग्री की सरकारी खरीद के लिए एमएसएमई और आईटी एवं इलेक्ट्रॉनिक विभाग ने प्रक्रिया निर्धारित की है, जो सभी विभागों में लागू है। इसमें जेम पोर्टल से सामग्री खरीदने पर विशेष जोर है। इसके बावजूद आईटीआई में सामानों की खरीद में वित्तीय अनियमितता की शिकायतें आ रही हैं।
इस पर अंकुश लगाने के लिए अपर मुख्य सचिव एस राधा चौहान ने व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास विभाग में सामग्री खरीदने के लिए ‘ई-इन्वेंटरी मैनेजमेंट सिस्टम’ को प्रभावी तरीके से लागू करने के लिए ‘ई-स्टाक मॉनिटरिंग सॉफ्टवेयर’ तैयार करने के निर्देश दिए हैं। इस पर इन्वेंटरी मैनेजमेंट से संबंधित सारी गतिविधियों पर नजर रखने के लिए एक वेब आधारित एप्लीकेशन तैयार कर उसे व्यावसायिक शिक्षा निदेशालय की वेबसाइट upvesd.gov.in से लिंक करने को कहा। इसी वेबसाइट से क्रय संबंधी सारी प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इससे खरीद में पारदर्शिता रहेगी।
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निदेशालय की वेबसाइट पर अपलोड होगा खरीद का ब्योरा
विभागीय स्तर पर की जाने वाली सामग्री खरीद और उसके वितरण से संबंधित सभी कार्यवाही को व्यावसायिक शिक्षा निदेशालय के वेबसाइट पर अपलोड किया जाएगा। सामग्री क्रय प्रबंधन की नई प्रक्रिया के तहत अब सभी को मांग पत्र तैयार कर उस पर सक्षम अधिकारी से मंजूरी लेनी होगी। इसके बाद क्रय आदेश विभागीय पोर्टल पर दर्ज किया जाएगा।
क्रय आदेश में संशोधन होने पर उसे दोबारा सक्षम स्तर से मंजूरी लेनी होगी। क्रय सामग्री का निरीक्षण व उसकी प्राप्ति, खरीदी वस्तुओं की वापसी, क्रय सामग्री को विभिन्न केंद्रों को भेजने, भंडारों में सामग्री के भौतिक सत्यापन समेत कई अन्य प्रक्रिया से संबंधित कार्यवाही भी निदेशालय की वेबसाइट पर अपलोड किए जाएंगे।
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आईटीआई को अपडेट करने के लिए हर साल करोड़ों रुपये के उपकरण खरीदे जाते हैं। हालांकि सामग्री की सरकारी खरीद के लिए एमएसएमई और आईटी एवं इलेक्ट्रॉनिक विभाग ने प्रक्रिया निर्धारित की है, जो सभी विभागों में लागू है। इसमें जेम पोर्टल से सामग्री खरीदने पर विशेष जोर है। इसके बावजूद आईटीआई में सामानों की खरीद में वित्तीय अनियमितता की शिकायतें आ रही हैं।
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इस पर अंकुश लगाने के लिए अपर मुख्य सचिव एस राधा चौहान ने व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास विभाग में सामग्री खरीदने के लिए ‘ई-इन्वेंटरी मैनेजमेंट सिस्टम’ को प्रभावी तरीके से लागू करने के लिए ‘ई-स्टाक मॉनिटरिंग सॉफ्टवेयर’ तैयार करने के निर्देश दिए हैं। इस पर इन्वेंटरी मैनेजमेंट से संबंधित सारी गतिविधियों पर नजर रखने के लिए एक वेब आधारित एप्लीकेशन तैयार कर उसे व्यावसायिक शिक्षा निदेशालय की वेबसाइट upvesd.gov.in से लिंक करने को कहा। इसी वेबसाइट से क्रय संबंधी सारी प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इससे खरीद में पारदर्शिता रहेगी।
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निदेशालय की वेबसाइट पर अपलोड होगा खरीद का ब्योरा
विभागीय स्तर पर की जाने वाली सामग्री खरीद और उसके वितरण से संबंधित सभी कार्यवाही को व्यावसायिक शिक्षा निदेशालय के वेबसाइट पर अपलोड किया जाएगा। सामग्री क्रय प्रबंधन की नई प्रक्रिया के तहत अब सभी को मांग पत्र तैयार कर उस पर सक्षम अधिकारी से मंजूरी लेनी होगी। इसके बाद क्रय आदेश विभागीय पोर्टल पर दर्ज किया जाएगा।
क्रय आदेश में संशोधन होने पर उसे दोबारा सक्षम स्तर से मंजूरी लेनी होगी। क्रय सामग्री का निरीक्षण व उसकी प्राप्ति, खरीदी वस्तुओं की वापसी, क्रय सामग्री को विभिन्न केंद्रों को भेजने, भंडारों में सामग्री के भौतिक सत्यापन समेत कई अन्य प्रक्रिया से संबंधित कार्यवाही भी निदेशालय की वेबसाइट पर अपलोड किए जाएंगे।