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बहुमूल्य किताबों का डिजिटलाइजेशन कर वेबसाइट पर करें अपलोड : आनंदीबेन
Thu, 29 Oct 2020 12:56 AM IST
पंकज श्रीवास्तव
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Thu, 29 Oct 2020 12:56 AM IST
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राज्यपाल आनंदीबेन पटेल
- फोटो : amar ujala
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राज्यपाल आनंदीबेन पटेल इलाहाबाद संग्रहालय की सभी बहुमूल्य किताबों का डिजिटलाइजेशन कराकर उसे वेबसाइट पर अपलोड करने को कहा है। जिससे कोई भी इन पुस्तकों को आसानी से पढ़ सकें। उन्होंने संग्रहालय में निर्माणाधीन आजाद वीथिका के शेष कार्यों को जल्द पूरा कराने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि तीन महीने बाद वह स्वयं इसका निरीक्षण करेंगी। राज्यपाल ने ये बातें बुधवार को राजभवन में प्रयागराज स्थित इलाहाबाद संग्रहालय की कार्यकारिणी समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए कही। उन्होंनेे संग्रहालय के संचालन के लिए छह माह के भीतर कार्यालय मैनुअल बनाने के निर्देश भी दिए हैं।
इस मौके पर राज्यपाल ने इलाहाबाद संग्रहालय की आर्ट गैलरी का ऑनलाइन उद्घाटन किया। साथ ही संग्रहालय द्वारा प्रकाशित पुस्तक प्रयागराज दैट वाज इलाहाबाद का विमोचन किया। राज्यपाल ने 2018-19 और 2019-2020 की वार्षिक रिपोर्ट को भी स्वीकृति प्रदान की। बैठक में राज्यपाल के अपर मुख्य सचिव महेश कुमार गुप्ता, इलाहाबाद संग्रहालय के निदेशक सुनील गुप्ता, लखनऊ विश्वविद्यालय के प्राचीन इतिहास एवं पुरातत्व विभाग के अध्यक्ष प्रो. एसके जायसवाल मौजूद थे। जबकि केंद्र सरकार के संस्कृति मंत्रालय की संयुक्त सचिव निरूपमा कोतरू, डॉ. बीवी खरबड़े आदि ऑनलाइन जुड़े हुए थे।
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इस मौके पर राज्यपाल ने इलाहाबाद संग्रहालय की आर्ट गैलरी का ऑनलाइन उद्घाटन किया। साथ ही संग्रहालय द्वारा प्रकाशित पुस्तक प्रयागराज दैट वाज इलाहाबाद का विमोचन किया। राज्यपाल ने 2018-19 और 2019-2020 की वार्षिक रिपोर्ट को भी स्वीकृति प्रदान की। बैठक में राज्यपाल के अपर मुख्य सचिव महेश कुमार गुप्ता, इलाहाबाद संग्रहालय के निदेशक सुनील गुप्ता, लखनऊ विश्वविद्यालय के प्राचीन इतिहास एवं पुरातत्व विभाग के अध्यक्ष प्रो. एसके जायसवाल मौजूद थे। जबकि केंद्र सरकार के संस्कृति मंत्रालय की संयुक्त सचिव निरूपमा कोतरू, डॉ. बीवी खरबड़े आदि ऑनलाइन जुड़े हुए थे।
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