शिया वक्फ बोर्ड चेयरमैन को दाऊद की धमकी, मौलानाओं से माफी मांगो, वर्ना... पूरा परिवार उड़ा देंगे
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उत्तर प्रदेश शिया सेंट्रल वक्फ बोर्ड के चेयरमैन वसीम रिजवी के मोबाइल पर शनिवार आधी रात को इंटरनेशनल कॉल आई। कॉल करने वाले ने खुद को अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम का करीबी बताया। उसने वसीम को जान से मारने की धमकी दी।
यह धमकी चेयरमैन द्वारा मदरसों को लेकर प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को लिखे पत्र के लिए दी गई है। पुलिस ने उनकी तहरीर पर केस दर्ज कर लिया है। पुलिस के मुताबिक यह कॉल नेपाल से आई थी।
वसीम रिजवी के मुताबिक, रात करीब 10.30 बजे वह घर में थे। इसी बीच एक अज्ञात नंबर से कॉल आई। फोन उठाया तो कॉल करने वाले ने खुद को दाऊद का करीबी बताया। उसने कहा कि मौलानाओं से माफी मांग लो वर्ना एक ही धमाके में पूरे परिवार को उड़ा दिया जाएगा।
वसीम ने कहा, इससे साफ लग रहा है कि कुछ कट्टरपंथी सीधे अंडरवर्ल्ड से जुडे़ हैं। एसओ सआदतगंज नीरज ओझा ने बताया कि देर रात करीब 12.30 बजे शिया वक्फ बोर्ड के चेयरमैन थाने पहुंचे। उन्होंने तहरीर दी, जिस पर अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है।
चेयरमैन को कॉल करने वाले ने करीब ढाई मिनट तक बात की। उसने कहा,शर्म नहीं आ रही, मुसलमान होकर मुसलमान को मरवाने की बात कर रहा है। मुसलमान मरे तो आवाज नहीं उठाता। भाई को नहीं जाने तू। कितने भाई के नाम सुन रखा है। दो मिनट भी न लगे उड़वाने में। अपनी मौत का जिम्मेदार खुद होगा। जिसकी मौत आ गई हो उसे कोई नहीं समझा सकता। तू ने सोच ही रखा है तो कोई बात नहीं, अगली बार तेरी मौत का संदेशा आएगा।
पीएम व सीएम को पत्र लिखने से निशाने पर आए रिजवी
बता दें कि वसीम रिजवी ने हाल ही में प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिख कर मदरसों पर कई आरोप लगाए थे। इसमें लिखा था कि आतंकी संगठन कुछ मदरसों को आर्थिक सहायता करते हैं। इन्हें बंद करने की जरूरत है। मदरसों ने इंजीनियर, डॉक्टर या अफसर नहीं दिए लेकिन आतंकवादी जरूर पैदा किए हैं।
कुछ संगठन और कट्टरपंथी मुस्लिम बच्चों को सिर्फ मदरसे की शिक्षा देकर उन्हें मुख्यधारा से दूर कर रहे हैं। यहां शिक्षा का स्तर काफी नीचे है। बच्चों को सही शिक्षा न मिलने से वे देश की मुख्यधारा से अलग हो जाते हैं। धीरे-धीरे आतंकवाद की ओर रुझान बढ़ने लगता है।
मदरसों को मिलने वाली आर्थिक मदद की जांच होनी चाहिए। ज्यादातर मदरसे जकात के पैसे से चल रहे हैं जो भारत के अलावा बांग्लादेश और पाकिस्तान आ रहा है। रिजवी के इसी पत्र से मौलानाओं में उबाल है।