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UP: कांग्रेस अध्यक्ष का बयान लाया राजनीतिक तूफान, क्या यूपी में खटाई में पड़ सकता है I.N.D.I.A गठबंधन?
Wed, 13 Sep 2023 10:23 PM IST
ishwar ashish
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Wed, 13 Sep 2023 10:23 PM IST
सार
कांग्रेस के यूपी अध्यक्ष अजय राय ने एक ऐसा बयान दे दिया है जो लोकसभा चुनाव के लिए बन रहे इंडिया एलायंस के लिए भारी पड़ सकता है। अजय राय ने हाल ही में उत्तराखंड में हुए बागेश्वर उपचुनाव में कांग्रेस की हार का ठीकरा समाजवादी पार्टी पर फोड़ दिया।
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यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
कांग्रेस के यूपी अध्यक्ष अजय राय ने एक ऐसा बयान दे दिया है जो लोकसभा चुनाव के लिए बन रहे I.N.D.I.A एलायंस के लिए भारी पड़ सकता है। अजय राय ने हाल ही में उत्तराखंड में हुए बागेश्वर उपचुनाव में कांग्रेस की हार का ठीकरा समाजवादी पार्टी पर फोड़ दिया। उन्होंने कहा कि यदि सपा वहां अपना प्रत्याशी न उतारती तो कांग्रेस का प्रत्याशी चुनाव जीत जाता।
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इस बयान पर उठे राजनीतिक तूफान पर अमर उजाला से विशेष बात करते हुए अजय राय ने कहा कि मैं अपने इस बयान पर कायम हूं। बागेश्वर में सपा ने कांग्रेस को हराने का काम किया है। सपा को मालूम था कि वह चुनाव में कहीं नहीं हैं। बावजूद इसके उसने अपना प्रत्याशी खड़ा किया। वह भी तब जब कांग्रेस और सपा मिलकर चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे हैं। अजय राय ने कहा कि घोसी की सीट पर कांग्रेस ने सपा को समर्थन किया। सपा की जीत में कांग्रेस का बड़ा रोल रहा है लेकिन सपा ने ऐसा नहीं किया।
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सपा ने किया पलटवार
इस मसले पर सपा ने पलटवार करते हुए कहा कि घोसी की सीट में कांग्रेस ने समर्थन किया। यह बात सच है। लेकिन यह बात भी इतनी ही सच है कि बागेश्वर की सीट के लिए कांग्रेस ने सपा से कोई समर्थन नहीं मांगा था। वरिष्ठ समाजवादी नेता और पूर्व नेता प्रतिपक्ष राम गोविंद चौधरी ने कहा कि दोनों चुनाव अलग-अलग राज्यों में थे। यदि कांग्रेस की उत्तराखंड ईकाई हमसे समर्थन मांगती तो हम निश्चित रूप से इस पर विचार करते।
क्या बनने से पहले दरक जाएगा गठबंधन
सपा और कांग्रेस यूपी में लोकसभा चुनाव I.N.D.I.A गठबंधन के बैनर तले लड़ने की तैयारी कर रहे हैं। सूत्रों के अनुसार बात सीट शेयरिंग तक भी पहुंच गई है। अब इस तरह के बयान से अचानक से राजनीतिक कयास लगने शुरू हो गए हैं। कयास इस बात के लगाए जा रहे हैं कि यह गठबंधन बनने से पहले ही बिखर जाएगा।
अखिलेश ने कहा था कि हमने ज्यादा सीटें दीं
2017 में यूपी में कांग्रेस और सपा ने मिलकर चुनाव लड़ा था। साथ में लड़ने के बाद भी कांग्रेस और सपा को पहले के मुकाबले कम सीटें मिली थीं। पिछले दिनों एक टीवी चैनल के साथ बात करते हुए अखिलेश यादव ने कहा था कि हमने उस चुनाव में बड़ा दिल दिखाते हुए कांग्रेस को जरूरत से ज्यादा सीटें दीं।
दबाव बनाने की रणनीति भी
राजनीतिक जानकार मानते हैं कि इस तरह के बयान गठबंधन में ज्यादा सीटें पाने की कोशिशें भी हो सकती हैं। अभी तक जो खबरें आ रही हैं उसके अनुसार सपा कांग्रेस को दस के अंदर सीटें देने के मूड में है, लेकिन कांग्रेस की उम्मीद इससे कहीं ज्यादा है।
कांग्रेस का केंद्रीय नेतृत्व खामोश
अजय राय के इस बयान के बाद कांग्रेस के केंद्रीय नेतृत्व ने चुप्पी साध ली है। इस बारे में अभी तक कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है। उधर उत्तराखंड कांग्रेस ने भी इस मामले में अब तक कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। राजनीतिक हालत ऐसे हैं कि संभव है कि कांग्रेस का केंद्रीय नेतृत्व इस बयान से अपने आप को दूर कर ले और इसे अजय राय की निजी सोच करार दे दे।
बीजेपी को मिला मौका
अजय राय के इस बयान ने बीजेपी को बैठे-बैठाए मुद्दा थमा दिया है। बीजेपी पहले से ही कहती रही है कि यह गठबंधन स्वाभाविक नहीं है। यह दल सत्ता के लिए एक साथ चुनाव लड़ने के लिए राजी हो रहे हैं।