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अब यूं ही नहीं चल सकेंगी स्कूली बसें, तय हुए मानक

Sun, 11 Aug 2013 11:39 PM IST
लखनऊ/इंटरनेट डेस्क
लखनऊ/इंटरनेट डेस्क Updated Sun, 11 Aug 2013 11:39 PM IST
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commissioner safety instruction for school buses

मंडलायुक्त ने स्कूली बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए बसों के फिटनेस की जांच एवं पंजीकरण को अनिवार्य कर दिया है। कमिश्नर ने परिवहन विभाग को स्कूली वाहनों की जांच कराने का निर्देश दिया है।

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साथ ही बस में सुरक्षा से संबंधित मानकों एवं सीट की व्यवस्था और परमिट प्रक्रिया का व्यापक प्रचार प्रसार के लिए भी निर्देशित किया। इसके लिए प्रधानाचार्यों एवं परिवहन अफसरों की बैठक का आयोजन हो।
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मंडलायुक्त संजीव सरन रविवार को परिवहन विभाग के अधिकारियों की बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि वाहन का शैक्षणिक संस्था के नाम से पंजीकृत होना आवश्यक है।
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निजी संचालक भी अपने वाहन को स्कूल मानक के अनुसार पंजीकरण कराकर स्कूल बस के रूप में प्रयोग कर सकते हैं। बसों को स्कूल में संचालन के लिए कांट्रैक्ट कैरिज का परमिट लेना आवश्यक है।

प्रत्येक स्कूल बस के आगे व पीछे मोटे अक्षरों में स्कूल बस लिखा होना चाहिए। स्कूल में अनुबंधित बसों पर आगे व पीछे बडे़ अक्षरों में आन स्कूल ड्यूटी लिखा होना जरूरी है।

उन्होंने परिवहन अधिकारियों को निर्देशित किया स्कूली बस के जो मानक तय हैं उनका सत्यापन किया जाए। बच्चों की सुरक्षा के साथ कोई समझौता न होने पाए।

उन्होंने कहा इन ड्राइवरों के ड्राइविंग लाइसेंस के नवीनीकरण के समय उसके पुराने ट्रैक रिकॉर्ड को भी देखा जाए तथा गहन टेस्ट लेकर ही नवीनीकरण किया जाएगा।

बस में बच्चों की सूची, नाम, कक्षा, पता सहित कक्षा, ब्लड ग्रुप चार्ट रूप में उपलब्ध रहे। प्रत्येक स्कूल बस में चालक के अलावा यथा स्थिति अनुभवी व्यक्ति या महिला सहायक तैनात रहेंगे, जो बच्चों की सुरक्षा का ध्यान रख सकें।

स्कूल बस के चालक तथा सहायक को ड्यूटी के समय निर्धारित ड्रेस पहनना अनिवार्य होगा। स्कूल बस का रंग गोल्डन यलो विथ ब्राउन, ब्लू लाइनिंग होना चाहिए।
 
स्कूल बस के लिए मानक
उन्होंने कहा कि स्कूल बसों की अधिकतम आयु 15 वर्ष होगी।  बस में अग्निशमन यंत्र अनिवार्य रूप से उपलब्ध हो।

12 सीट तक की बस में .2 किग्रा वजन का एक अग्निशमन यंत्र ड्राइवर केबिन में, 12-20 सीट तक की बस में पांच किग्रा वजन का एक किग्रा अग्निशमन यंत्र ड्राइवर केबिन में 20 सीट से ऊपर की बस में पांच किग्रा के दो अग्निशमन यंत्र एक ड्राइवर केबिन में और एक आपातकालीन गेट के पास उपलब्ध रहना आवश्यक है।

प्रत्येक स्कूल बस में फस्ट एड बॉक्स रखना अनिवार्य है। स्कूल बस की अधिकतम गति सीमा 40 किमी प्रति घंटा होगी, जिसके निर्धाण हेतु स्पीड कंट्रोल यंत्र एवं स्पीड गवर्नर लगवाना अनिवार्य होगा जो अलार्मयुक्त होगा।


आपातकाल परिस्थिति में बस का चालक अथवा सहायक स्कूल प्रशासन को सूचित करेगा। सीएनजी स्कूल वाहनों का अनिवार्य रूप से मासिक चेकिंग अधिकृत केन्द्र से कराया जाएगा। कोई भी स्कूल बस पंजीकृत सीटिंग क्षमता से डेढ़ गुने से अधिक बच्चों को बस में नही बैठाएगा।

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