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बिजली कटौती पर सीएम योगी सख्त : अफसरों पर करें कार्रवाई करने और व्यवस्थाएं दुरुस्त करने की हिदायत
Wed, 07 Jul 2021 09:14 PM IST
पंकज श्रीवास्तव
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Wed, 07 Jul 2021 09:14 PM IST
सार
ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा के निर्देशों के बावजूद समय रहते गर्मी के लिए मुकम्मल तैयारियां न हो पाने की वजह से समस्या खड़ी हुई है।
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
- फोटो : amar ujala
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विस्तार
राजधानी समेत पूरे प्रदेश में अघोषित बिजली कटौती पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सख्त हो गए हैं। उन्होंने निर्बाध बिजली आपूर्ति का निर्देश देते हुए स्पष्ट आदेश दिया है कि किसी भी जिले से अनावश्यक बिजली कटौती की सूचना मिलने पर अफसरों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। सीएम ने गर्मी और बढ़ती उमस को देखते हुए जनता को राहत देने के लिए बिजली व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने और खासकर किसानों और उद्यमियों को निर्बाध बिजली आपूर्ति करने को कहा है। उन्होंने बिजली समस्याओं की रोजाना समीक्षा करके निराकरण करने के निर्देश भी दिए हैं।
भीषण गर्मी व उमस की वजह से प्रदेश में बिजली की मांग में खासा इजाफा हो गया है। मांग पूरी करने के लिए अतिरिक्त बिजली भी खरीदी जा रही है, लेकिन वितरण और ट्रांसमिशन प्रणाली की खामियों के चलते ट्रिपिंग, ट्रांसफार्मरों के फुंकने व अन्य तकनीकी खामियों से बिजली की आंख-मिचौनी उपभोक्ताओं के लिए परेशानी का सबब बनी हुई है। तमाम क्षेत्रों में लो-वोल्टेज की समस्या बनी हुई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इसका संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को जर्जर तारों, पोल आदि को ठीक कराने का कार्य युद्ध स्तर पर कराने को कहा है।
मांग पूरी करने के लिए खरीद रहे अतिरिक्त बिजली, लेकिन पसीने छुड़ा रही ट्रिपिंग
शहरी और ग्रामीण इलाकों में अघोषित कटौती लोगों के पसीने छुड़ा रही है। प्रदेश में बिजली की मांग 24,000 मेगावाट के आसपास बनी हुई है। सभी स्रोतों से उपलब्ध बिजली के अलावा मांग पूरी करने के लिए एनर्जी एक्सचेंज से भी करीब 2600 मेगावाट अतिरिक्त बिजली खरीदी जा रही है। दिन में तो जैसे-तैसे आपूर्ति व्यवस्था पटरी पर रखी जा रही है, लेकिन रात में पीक आवर्स में गाहे-बेगाहे आपात कटौती करनी पड़ रही है। उपकेंद्रों, वितरण व ट्रांसमिशन लाइनों व ट्रांसफार्मरों पर क्षमता से ज्यादा लोड होने की वजह से ट्रिपिंग की समस्या बनी हुई है। सूत्रों का कहना है कि ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा के निर्देशों के बावजूद समय रहते गर्मी के लिए मुकम्मल तैयारियां न हो पाने की वजह से समस्या खड़ी हुई है।
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पावर कॉर्पोरेशन प्रबंधन ने अभियंताओं को रात में पेट्रोलिंग करने को कहा
अघोषित बिजली कटौती पर सरकार के सख्त रुख को देखते हुए पावर कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष एम. देवराज ने सभी बिजली कंपनियों के एमडी को तय रोस्टर के अनुसार बिजली आपूर्ति के निर्देश दिए हैं। सभी संबंधित अधिकारियों को रात में पेट्रोंलिंग करने को कहा है, जिससे आपूर्ति पर निगरानी के साथ-साथ बिजली चोरी पर भी प्रभावी अंकुश लगाया जा सके। देवराज ने बुधवार को सभी बिजली कंपनियों के एमडी के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये आपूर्ति व्यवस्था की समीक्षा की। प्रबंध निदेशकों को आपूर्ति की सतत निगरानी करने को भी कहा गया है।
31 को लखनऊ को मिलेगा दूसरे बड़े ट्रांसमिशन उपकेंद्र का तोहफा
सीएम योगी 31 जुलाई को लखनऊ को दूसरे बड़े 400 केवी ट्रांसमिशन उपकेंद्र का तोहफा देंगे। काकोरी के जेहटा में इसका निर्माण लगभग पूरा हो चुका है। अधिकारियों का कहना है कि इस उपकेंद्र के शुरू हो जाने से बिजली की कटौती के साथ लो-वोल्टेज और ट्रिपिंग की समस्या दूर होगी।
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भीषण गर्मी व उमस की वजह से प्रदेश में बिजली की मांग में खासा इजाफा हो गया है। मांग पूरी करने के लिए अतिरिक्त बिजली भी खरीदी जा रही है, लेकिन वितरण और ट्रांसमिशन प्रणाली की खामियों के चलते ट्रिपिंग, ट्रांसफार्मरों के फुंकने व अन्य तकनीकी खामियों से बिजली की आंख-मिचौनी उपभोक्ताओं के लिए परेशानी का सबब बनी हुई है। तमाम क्षेत्रों में लो-वोल्टेज की समस्या बनी हुई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इसका संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को जर्जर तारों, पोल आदि को ठीक कराने का कार्य युद्ध स्तर पर कराने को कहा है।
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मांग पूरी करने के लिए खरीद रहे अतिरिक्त बिजली, लेकिन पसीने छुड़ा रही ट्रिपिंग
शहरी और ग्रामीण इलाकों में अघोषित कटौती लोगों के पसीने छुड़ा रही है। प्रदेश में बिजली की मांग 24,000 मेगावाट के आसपास बनी हुई है। सभी स्रोतों से उपलब्ध बिजली के अलावा मांग पूरी करने के लिए एनर्जी एक्सचेंज से भी करीब 2600 मेगावाट अतिरिक्त बिजली खरीदी जा रही है। दिन में तो जैसे-तैसे आपूर्ति व्यवस्था पटरी पर रखी जा रही है, लेकिन रात में पीक आवर्स में गाहे-बेगाहे आपात कटौती करनी पड़ रही है। उपकेंद्रों, वितरण व ट्रांसमिशन लाइनों व ट्रांसफार्मरों पर क्षमता से ज्यादा लोड होने की वजह से ट्रिपिंग की समस्या बनी हुई है। सूत्रों का कहना है कि ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा के निर्देशों के बावजूद समय रहते गर्मी के लिए मुकम्मल तैयारियां न हो पाने की वजह से समस्या खड़ी हुई है।
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पावर कॉर्पोरेशन प्रबंधन ने अभियंताओं को रात में पेट्रोलिंग करने को कहा
अघोषित बिजली कटौती पर सरकार के सख्त रुख को देखते हुए पावर कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष एम. देवराज ने सभी बिजली कंपनियों के एमडी को तय रोस्टर के अनुसार बिजली आपूर्ति के निर्देश दिए हैं। सभी संबंधित अधिकारियों को रात में पेट्रोंलिंग करने को कहा है, जिससे आपूर्ति पर निगरानी के साथ-साथ बिजली चोरी पर भी प्रभावी अंकुश लगाया जा सके। देवराज ने बुधवार को सभी बिजली कंपनियों के एमडी के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये आपूर्ति व्यवस्था की समीक्षा की। प्रबंध निदेशकों को आपूर्ति की सतत निगरानी करने को भी कहा गया है।
31 को लखनऊ को मिलेगा दूसरे बड़े ट्रांसमिशन उपकेंद्र का तोहफा
सीएम योगी 31 जुलाई को लखनऊ को दूसरे बड़े 400 केवी ट्रांसमिशन उपकेंद्र का तोहफा देंगे। काकोरी के जेहटा में इसका निर्माण लगभग पूरा हो चुका है। अधिकारियों का कहना है कि इस उपकेंद्र के शुरू हो जाने से बिजली की कटौती के साथ लो-वोल्टेज और ट्रिपिंग की समस्या दूर होगी।