बेहद खास होगा आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस वे, सीएम ने लिया निर्णय
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मुख्यमंत्री अखिलेश यादव का ड्रीम प्रोजेक्ट कहा जा रहा आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस वे कई मायनों में बेहद खास होगा।
आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे पर कहीं भी शराब की दुकानें नहीं होंगी। देश में इस तरह का यह पहला मार्ग होगा। इस पर अक्तूबर से सौ किलोमीटर की स्पीड से ज्यादा तेज नहीं दौड़ सकेंगे वाहन।
मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने शुक्रवार को राज्य सड़क सुरक्षा परिषद की बैठक की अध्यक्षता करते हुए तेज गति के कारण राजमार्गों पर होने वाली दुर्घटनाओं को रोकने के लिए सभी जरूरी कदम उठाने और इस पर वाहनों की गति सीमा 100 किमी. तय करने का निर्देश दिया। साथ ही, उन्होंने इससे अधिक स्पीड से दौड़ने वाली गाड़ियों पर भारी जुर्माना लगाने के लिए भी कहा।
उन्होंने कहा कि आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे देश का पहला लिकर शॉप रहित एक्सप्रेस-वे होगा। इस मौके पर लोक निर्माण मंत्री शिवपाल सिंह यादव, बेसिक शिक्षा मंत्री अहमद हसन, परिवहन राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार यासर शाह, राज्य मंत्री परिवहन मान पाल सिंह, एमएलसी मधुकर जेटली, मुख्य सचिव आलोक रंजन आदि मौजूद रहे।
रोड सेफ्टी वेबसाइट का लोकार्पण
सीएम ने रोड सेफ्टी वेबसाइट का लोकार्पण करते हुए कहा कि यह संबंधित सभी अहम विभागों में आपसी समन्वय कर एक प्लेटफ ार्म का काम करेगी। इसके जरिये सड़क सुरक्षा को लेकर आम लोगों, स्वयंसेवी संगठनों व सड़क दुर्घटना प्रभावित लोगों से सुझाव लिए जा सकेंगे।
पैदल चलने व साइकिल चलाने वालों के लिए हो सुरक्षित परिवहन
मुख्यमंत्री ने शहरों में पैदल यात्रियों के लिए फुटपाथ बनाने का निर्देश दिया और कहा कि भविष्य में कोई भी सड़क परियोजना बनाते समय उसमें पैदल व साइकिल सवारों के सुरक्षित परिवहन की व्यवस्था को अवश्य शामिल किया जाए।
अब रिफ्रेशर कोर्स की होगी वीडियोग्राफी
मुख्यमंत्री ने व्यापारिक वाहन चालकों के रिफ्रेशर कोर्स के समय वीडियो व फोटोग्राफी कराने को कहा है। विद्यालयों से संबद्ध बसों व अन्य वाहनों की ऑडिट कराने व लर्निंग लाइसेंस के साथ स्थायी लाइसेंस जारी कराने की ऑनलाइन व्यवस्था करने का निर्देश दिया।
सीएम ने सूबे के सभी जिलों में ड्राइविंग लाइसेंस के लिए ऑनलाइन परीक्षण की व्यवस्था करने के लिए भी कहा। अभी यह व्यवस्था लखनऊ में ही काम कर रही है।
उन्होंने ट्रैफिक पालन न करने वाले वाहनों पर नजर रखने के लिए प्रस्तावित आईटीएमएस योजना को सबसे पहले लखनऊ व नोएडा में और इसके बाद 10 शहरों में लागू कराने के लिए भी कहा।
घायलों की मदद करने वालों को न करें परेशान
सीएम ने सड़क दुर्घटना में घायलों को बचाने व अस्पताल पहुंचाने में मदद करने वालों का उत्पीड़न न करने के सुप्रीम कोर्ट के निर्देश का कड़ाई से पालन का निर्देश दिया।
मुख्यमंत्री ने दुर्घटना बाहुल्य स्थलों को नए सिरे से चिह्नित कर उनमें रोड डिजाइनिंग से संबंधित सुधार का निर्देश दिया है। उन्होंने हाई-वे पुलिस की तैनाती के साथ ही हाई-वे ट्रॉमा सेंटरों में पर्याप्त ट्रेंड स्टाफ की व्यवस्था तथा बेसिक लाइफ सपोर्ट सिस्टम व एडवांस लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर आधारित एंबुलेंस की तैनाती कराने को कहा।
कानपुर में आईआईटी के सुझाव से सुधरेगा ट्रैफिक
बैठक में आईआईटी कानपुर के प्रतिनिधि ने ट्रैफि क व्यवस्था में सुधार के लिए कुछ सुझाव दिए थे। मुख्यमंत्री ने लोक निर्माण विभाग को निर्देशित किया कि कानपुर शहर में आईआईटी का सहयोग लेकर ट्रैफि क व्यवस्था में सुधार किया जाए।