फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   CIMAP's Aeroclean will eliminate germs in the air

Lucknow News: हवा में कीटाणुओं का सफाया करेगा सीमैप का एरोक्लीन

Tue, 02 Jun 2026 03:00 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Tue, 02 Jun 2026 03:00 AM IST
विज्ञापन
CIMAP's Aeroclean will eliminate germs in the air
सीमैप, लखनऊ। 

विज्ञापन
लखनऊ। हमारे घरों और कार्यस्थलों की हवा में असंख्य अदृश्य कीटाणु मौजूद रहते हैं, जो सांस के जरिये शरीर में प्रवेश कर बीमारियों का कारण बनते हैं। अब इस खतरे से बचाव और कमरे को सैनिटाइज करने के लिए केंद्रीय औषधीय एवं सगंध पौधा संस्थान (सीमैप) के वैज्ञानिकों ने एक सुरक्षित, किफायती और प्रभावी हर्बल समाधान विकसित किया है। इसे एरोक्लीन नाम दिया गया है।



सीमैप के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. सुएब लुकमान के नेतृत्व में तैयार यह हर्बल फॉर्मुलेशन मॉस्किटो रिपेलेंट (मच्छर भागने वाला) की तरह इस्तेमाल किया जा सकता है। यह कमरे की हवा में मौजूद रोगजनक कीटाणुओं को 99 प्रतिशत तक नष्ट करने में सक्षम पाया गया है, वह भी बिना किसी दुष्प्रभाव के। डाॅ. नारायण प्रसाद ने भी इसमें सहयोग किया।
विज्ञापन






सात वर्ष सुरक्षा की कसाैटी पर परखा



डॉ. लुकमान के मुताबिक, बच्चों, बुजुर्गों, गर्भवती महिलाओं, संवेदनशील लोगों, एलर्जी और सांस के मरीजों को ध्यान में रखते हुए इसे सात वर्ष तक सुरक्षा के कठोर मानकों पर परखा गया। भारतीय विष विज्ञान अनुसंधान संस्थान (आईआईटीआर) ने भी इसे नॉन-टॉक्सिक, नॉन-एलर्जिक और फेफड़ों के लिए पूरी तरह सुरक्षित प्रमाणित किया है।
विज्ञापन
विज्ञापन






चुनाैतियों के पार मिले परिणाम



इस शोध की सबसे बड़ी चुनौती थी ऐसे हर्बल एसेंशियल ऑयल की पहचान थी, जो वाष्पित अवस्था में या स्प्रे के रूप में हवा में घुलकर प्रभावी रहे और मानव स्वास्थ्य के लिए पूरी तरह सुरक्षित भी हो। वैज्ञानिकों ने जीवाणुनाशी गुणों वाले 35 एसेंशियल ऑयल का परीक्षण किया, जिनमें से आठ मानव के लिए सुरक्षित पाए गए। इनमें सिर्फ दो ऐसे थे, जो वाष्प रूप में हवा में घुलकर कीटाणुओं को नष्ट करने में सफल रहे।





विभिन्न आकार के कमरों में किया ट्रायल



फॉर्मुलेशन तैयार होने के बाद इसका अलग-अलग आकार के कमरों, क्लासरूम में ट्रायल किया गया। आठ घंटे के उपयोग के बाद सभी स्थानों में 99 प्रतिशत तक जीवाणुओं के नष्ट होने की पुष्टि हुई। इसकी खुशबू सौम्य और मनोहारी बताई गई है।





इन जीवाणुओं को नष्ट करने में है कारगर



यह हर्बल समाधान स्ट्रेप्टोकोकस, स्टैफाइलोकोकस, बैसिलस, ई-कोलाई समेत कई हानिकारक जीवाणुओं पर प्रभावी पाया गया है।





जानिए, क्या है सीमैप



केंद्रीय औषधीय एवं सगंध पौधा संस्थान (सीमैप), भारत सरकार की अग्रणी राष्ट्रीय प्रयोगशाला है। 1959 में स्थापित यह संस्थान औषधीय एवं सुगंधित पौधों के अनुसंधान, उच्च उपज वाली किस्मों के विकास, कृषि तकनीकों, प्रसंस्करण और किसानों को तकनीकी सहायता देने में विशेषज्ञता रखता है।




----



इस किफायती, सुरक्षित हर्बल एरोक्लीन की कीमत बाजार के मॉस्किटो रिपेलेंट जितनी ही होगी। यह तकनीक पिछले हफ्ते बंगलूरू की एक कंपनी को दिया है। मई तक यह बाजार में आ जाएगा।

-डाॅ. प्रबोध कुमार त्रिवेदी, निदेशक, सीमैप।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article