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जीएसटी की दरें हुई कम, प्रधानमंत्री आवास योजना के दाम घटे

Tue, 03 Apr 2018 05:27 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Updated Tue, 03 Apr 2018 05:27 PM IST
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central government reduced gst rate in pm awas yojna 
Maloya Flats - फोटो : File Photo

कम आय वर्ग के मकानों पर भी 12 प्रतिशत जीएसटी लगाने से बढ़े आर्थिक बोझ को प्रधानमंत्री आवास योजना में कम किया गया है। केंद्र सरकार के नोटिफिकेशन के बाद अब लखनऊ के करीब 30 हजार परिवारों को सीधे तौर पर कम टैक्स देना होगा।

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एलडीए के वित्त विभाग के अधिकारियों ने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना में क्रेडिट लिंक्ड सब्सिडी स्कीम (सीएलएसएस) में जीएसटी में राहत दी गई है। 26 जनवरी को हुई जीएसटी परिषद की बैठक में इस मुद्दे पर बात हुई थी।
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इसके बाद तय हुआ कि सीएलएसएस में प्रधानमंत्री आवास पर जीएसटी केवल निर्माण पर लगाया जाए। ऐसे में जमीन की कीमत तय करने में आने वाली तकनीकी दिक्कतों का मुद्दा भी सामने आया। इसके बाद फैसला हुआ कि प्रधानमंत्री आवास की कुल कीमत का एक तिहाई जमीन का मूल्य माना जाए।
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यानी, सीधे तौर पर केवल दो तिहाई लागत पर ही जीएसटी प्रधानमंत्री आवास योजना में फ्लैट या मकान खरीदने वाले लाभार्थी से लिया जाए। ऐसे में यह दर 12 की जगह अब आठ प्रतिशत हो जाएगी। यह लाभ 60 वर्गमी से कम कार्पेट एरिया, 18 लाख रुपये तक पूरे परिवार की आय और पहला घर खरीदने वालों को दिया जाएगा।

सरकारी और निजी क्षेत्र में बन रहे फ्लैट 

लखनऊ में अकेले एलडीए को ही करीब 12,000 घर प्रधानमंत्री आवास योजना में बनाने हैं। वहीं, आवास विकास परिषद का भी राजधानी में करीब 10,000 आवास इस योजना में बनाने का लक्ष्य है।

करीब 8000 घर निजी क्षेत्र में इस लाभ को पाने के लिए शर्त पूरी करने वाले बनाए जाने हैं। इनमें से 5000 यूनिट के लिए पंजीकरण आवास विकास परिषद खोल चुकी है। एलडीए भी जल्द 2500 यूनिट के पंजीकरण खोलेगा।

एक फ्लैट पर करीब 18,000 रुपए का फायदा 

प्रधानमंत्री आवास योजना के सीएलएसएस में मकान की कीमत 4.50 लाख रुपये है। इसमें से 2.5 लाख विकासकर्ता को सरकार से सब्सिडी मिलनी है। कुल कीमत पर 12 प्रतिशत जीएसटी की दर से टैक्स लिए जाने पर करीब 54,000 रुपये अलग से देने पड़ते। लेकिन अब नेट दर आठ प्रतिशत होने से केवल 36,000 रुपये टैक्स देना होगा। इससे करीब 18,000 रुपये का आर्थिक बोझ हर परिवार का कम हो जाएगा।

ईडब्ल्यूएस व एलआईजी को कब मिलेगी छूट

एक तरफ प्रधानमंत्री आवास योजना में फ्लैट या मकान खरीदने वालों को जीएसटी में राहत दी गई है, वहीं जीएसटी से पहले सर्विस टैक्स के दायरे से बाहर बने हुए ईडब्ल्यूएस, एलआईजी आय वर्ग के मकान, फ्लैटों पर सीधे 12 प्रतिशत टैक्स लगा दिया गया। दूसरी योजनाओं में बनने वाले इन आवासीय यूनिट पर शून्य से सीधे 12 प्रतिशत टैक्स लगने से दो से ढाई लाख रुपये तक का बोझ बढ़ गया है। इससे अभी तक केंद्र सरकार से राहत नहीं मिल सकी है। एलडीए के सीजी सिटी में बन रहे फ्लैटों पर जीएसटी लगने से कीमतें एक लाख से ढाई लाख रुपये तक अतिरिक्त कीमतें बढ़ गई हैं। यहां पूर्व में कोई सर्विस टैक्स देय नहीं था।

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