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फीस हड़पने वाले 12 संस्थानों के खिलाफ रिपोर्ट

Fri, 24 Apr 2015 01:55 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ Updated Fri, 24 Apr 2015 01:55 AM IST
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Case filed against 12 institutions for fee scam.

शुल्क प्रतिपूर्ति घोटाला मामले में लखनऊ, सहारनपुर, मेरठ, कानपुर नगर, हाथरस, बस्ती और बलिया के जिलाधिकारियों ने 12 शिक्षण संस्थानों को काली सूची में डालने की सिफारिश की है। समाज कल्याण निदेशक ने जिलाधिकारियों के पत्र मिलने की बात स्वीकार करते हुए कहा कि जल्द ही नियमानुसार कार्रवाई होगी।

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बता दें कि लखनऊ समेत सात जिलों के 12 संस्थानों ने फर्जी छात्र दिखाकर छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति की धनराशि ठिकाने लगा दी थी। इस मामले में संबंधित जिलाधिकारियों की अध्यक्षता में गठित जिलास्तरीय कमेटियों ने इन संस्थानों को पांच साल के लिए काली सूची में डालने की सिफारिश की है।
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समाज कल्याण निदेशक सुरेंद्र विक्रम ने बताया कि जिलास्तरीय कमेटियों की संस्तुतियां उन्हें मिल गई हैं। इन मामलों में अंतिम निर्णय राज्यस्तरीय समिति ही ले सकती है। जल्दी ही राज्यस्तरीय समिति की बैठक होगी।
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71 शिक्षण संस्‍थानों के खिलाफ चल रही है जांच

Case filed against 12 institutions for fee scam.

समाज कल्याण निदेशक सुरेंद्र विक्रम ने बताया कि छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति नियमावली-2014 लागू होने से पहले से 71 शिक्षण संस्थानों के खिलाफ जांच चल रही है।

इसलिए इन शिक्षण संस्थानों को भी काली सूची में डालने पर विचार किया जा रहा है। गौरतलब है कि काली सूची में डाले जाने की अवधि में उस संस्थान के छात्रों को छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति योजना का लाभ नहीं मिल सकेगा।

मेरठ के शिक्षण संस्थानों को नहीं मिली कोर्ट से राहत

समाज कल्याण निदेशक सुरेंद्र विक्रम ने बताया कि शुल्क प्रतिपूर्ति में घपला करने वाले मेरठ के छह संस्थानों के खिलाफ विभाग ने एफआईआर दर्ज करवाई थी।

राहत पाने के लिए ये संस्थान हाईकोर्ट गए लेकिन उन्हें कोर्ट से राहत नहीं मिली। बता दें कि इस मामले में फंसे मेरठ के दो अधिकारी भी हाईकोर्ट गए थे, लेकिन हाईकोर्ट ने मामले में दखल देने से इन्कार कर दिया।

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