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बाइक बोटः मास्टरमाइंड पर शिकंजा कसेगा ईडी, संपत्ति भी होगी जब्त
Mon, 15 Mar 2021 05:42 AM IST
योगेश जोशी
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: योगेश जोशी
Updated Mon, 15 Mar 2021 05:42 AM IST
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बीएन तिवारी
- फोटो : amar ujala
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बाइकबोट घोटाले में गिरफ्तार मास्टर माइंड बीएन तिवारी की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। ईओडब्ल्यू के बाद जल्द ही प्रवर्तन निदेशालय भी शिकंजा कसेगा। ईओडब्ल्यू द्वारा की गई जांच में अकूत संपत्ति मिलने के बाद जल्द ही प्रवर्तन निदेशालय भी मनीलांड्रिंग एक्ट के तहत कार्रवाई कर सकता है। प्रवर्तन निदेशालय इस मामले में पहले से ही जांच कर रहा है।
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सूत्रों का कहना है कि प्रवर्तन निदेशालय बीएन तिवारी द्वारा अर्जित की गई संपत्ति के मामले की पड़ताल कर रहा है। जल्द ही तिवारी की संपत्ति को अटैच कर सकता है। बीएन तिवारी के पास लखनऊ में प्राइम लोकेशन पर चार मकान हैं। लखनऊ के अलावा बीएन तिवारी के पास नोएडा व नासिक में भी संपत्ति की जानकारी हुई है। इसके अलावा ईओडब्ल्यू द्वारा बरामद की गई लक्जरी गाड़ियों को भी अटैच किया जा सकता है।
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ईओडब्ल्यू ने तीन प्रापर्टी को किया है अटैच
ईओडब्ल्यू के डीजी आरपी सिंह के मुताबिक बीएन तिवारी की तीन संपत्तियों को अब तक अटैच किया गया है। इसमें लखनऊ के गोमतीनगर और आलमबाग स्थित एक कोठी और एक मकान है। इसके अलावा नासिक में एक मकान को भी ईओडब्ल्यू अटैच कर चुका है।
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क्या है बाइकबोट घोटाला
पश्चिमी यूपी में बाइकबोट के नाम पर लोगों से एक साल में दोगुना पैसा देने की लालच में निवेश कराया गया। इसके लिए प्रति मोटरसाइकिल 62100 रुपये जमा कराए गए। बाद में कंपनी करोड़ों रुपये लेकर चंपत हो गई। इस मामले में बड़ी संख्या में पश्चिमी उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में मुकदमे दर्ज कराए गए थे। जिला पुलिस ने कई लोगों को इस मामले में गिरफ्तार भी किया था। बाद में सरकार ने इस जांच को ईओडब्ल्यू के सुपुर्द कर दिया। बाइकबोट घोटाले के मास्टर माइंड बीएन तिवारी को यूपी एसटीएफ ने पिछले फरवरी माह में गिरफ्तार किया था।