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मुख्यमंत्री योगी का आदेश, एक सप्ताह में गन्ना किसानों का भुगतान करें चीनी मिलें

Wed, 25 Sep 2019 10:01 PM IST
Amulya Rastogi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Published by: Amulya Rastogi Updated Wed, 25 Sep 2019 10:01 PM IST
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bhartiya kisan union protest against hike in electricity rates and other issues
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ। - फोटो : amar ujala

गन्ने का रेट बढ़ाने और बकाया भुगतान दिलाने समेत 21 सूत्री मांगों को लेकर भारतीय किसान यूनियन की अगुआई में हजारों किसानों ने बुधवार को डालीबाग स्थित गन्ना किसान संस्थान में ताकत दिखाई। मुख्यमंत्री से आश्वासन मिलने के बाद उन्होंने महापंचायत

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मुख्यमंत्री ने कहा कि सहकारी और चीनी निगम की मिलें एक सप्ताह में बकाया गन्ना मूल्य भुगतान कर देंगी। भुगतान में विलंब करने वाली निजी मिलों पर एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। उन्होंने पेराई सत्र 2019-20 के लिए गन्ना मूल्य वृद्धि पर उचित फैसला लेने का आश्वासन दिया।
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गन्ना संस्थान में किसानों का जमावड़ा सुबह से होने लगा था। पश्चिमी यूपी, पूर्वांचल और बुंदेलखंड के किसान दोपहर तक नारेबाजी करते हुए महापंचायत में पहुंचते रहे। दिन भर भाकियू नेता प्रदेश सरकार पर निशाना साधते रहे। उन्होंने कहा कि प्रदेश का किसान गंभीर समस्याओं से जूझ रहा है।
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किसान परिवार की औसतन आमदनी चार हजार रुपये प्रतिमाह है। इसमें पूरे परिवार का पालन-पोषण करना असंभव है। इसी वजह से लघु एवं सीमांत किसान खेती छोड़ने के लिए मजबूर हैं। उत्पादन लागत में वृद्धि के अनुपात में फसलों का दाम नहीं मिलने से किसानों पर कर्ज का बोझ बढ़ता जा रहा है। ऐसे हालात में राज्य सरकार ने पहले डीजल और फिर बिजली दरों में वृद्धि करके उनके हितों पर कुठाराघात किया है।

किसानों के सामने करो या मरो की स्थिति : टिकैत

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महापंचायत में इकट्ठा हुए किसान। - फोटो : amar ujala

भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत ने कहा कि प्रदेश सरकार किसानों की समस्याओं का समाधान करने में नाकाम साबित हो रही है। गन्ना और आलू किसानों के सामने आजीविका का संकट खड़ा हो गया है। आज किसान करो या मरो की स्थिति में है।

लखनऊ में महापंचायत करके किसान अपना दर्द सरकार को सुनाने आया है। शासन की ओर से अपर जिलाधिकारी वैभव मिश्रा और एसपी पूर्वी ने महापंचायत में पहुंचकर कहा कि मुख्यमंत्री उनके प्रतिनिधिमंडल से वार्ता करना चाहते हैं। इस पर राकेश टिकैत की अगुआई में 9 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल दो बजे मुख्यमंत्री आवास पर वार्ता के लिए गया।

आलू किसानों के लिए बनेगी कमेटी, झूठे मुकदमों की जांच कराई जाएगी

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महापंचायत में इकट्ठा हुए किसान। - फोटो : amar ujala

भाकियू नेताओं ने मुख्यमंत्री से 21 सूत्री मांग पत्र पर चर्चा की। सीएम योगी ने आश्वस्त किया कि सहकारी व निगम की चीनी मिलों पर बकाया गन्ना मूल्य भुगतान एक सप्ताह में करा दिया जाएगा।
भुगतान में टालमटोल करने वाली निजी क्षेत्र की चीनी मिलों के खिलाफ मुकदमे दर्ज कराकर भुगतान कराया जाएगा। गन्ना मूल्य बढ़ोतरी के बारे में भी चर्चा कर उचित निर्णय लिया जाएगा। आलू किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए कमेटी बनाई जाएगी।

इसमें किसान प्रतिनिधियों को भी शामिल किया जाएगा। मंडल स्तर पर पशु आरोग्य मेलों का आयोजन किया जाएगा। किसानों पर दर्ज झूठे मुकदमों की जांच कराई जाएगी। धान खरीद की उच्च स्तरीय मॉनिटरिंग की जाएगी।

सीएम से मिलने वाले प्रतिनिधिमंडल में राष्ट्रीय उपाध्यक्ष राजेश चौहान और दीवान चंद्र चौधरी, राष्ट्रीय महासचिव राजपाल शर्मा, प्रदेश अध्यक्ष राजवीर सिंह जादौन, लखनऊ के मंडल अध्यक्ष हरिनाम सिंह वर्मा, मीडिया प्रभारी धर्मेन्द्र मलिक, बिजनौर के जिलाध्यक्ष दिगंबर सिंह और मिर्जापुर के जिलाध्यक्ष प्रहलाद सिंह भी शामिल रहे।

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