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प्रमोशन का इंतजार कर रहे शिक्षकों के लिए बुरी खबर
अमर उजाला ब्यूरो/लखनऊ
Updated Wed, 07 Oct 2015 09:01 PM IST
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सहायता प्राप्त इंटर कॉलेजों में शिक्षक को प्रवक्ता के पद पर मनमाने ढंग से अब पदोन्नति नहीं दी जा सकेगी।
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यही नहीं अगर पूर्व में ऐसी पदोन्नतियां दी गई हैं तो जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) इसकी जांच कर माध्यमिक शिक्षा निदेशालय को सूचना देंगे।
माध्यमिक शिक्षा निदेशक अमरनाथ वर्मा ने इस संबंध में जिला विद्यालय निरीक्षकों को निर्देश भेज दिए हैं। यह बदलाव तत्काल प्रभाव से लागू हो जाएगा।
बता दें सहायता प्राप्त इंटर कॉलेजों में कला, व्यायाम, भाषा, गृह विज्ञान, शिल्प, संगीत, त्रिभाषा, पेंटिंग, टंकण, आशुलिपि व क्राफ्ट विषय को कक्षा 11 व 12 में पढ़ाने वाले प्रशिक्षक शिक्षक (एलटी) को 10 वर्ष की सेवा पर प्रवक्ता बनाने की व्यवस्था 25 अक्तूबर 2000 को दी गई।
इसके मुताबिक स्कूल प्रबंधन कुछ शर्तों के आधार पर ऐसे शिक्षकों को प्रवक्ता के पद पर पदोन्नति की संस्तुति करते हुए डीआईओएस को भेज सकता है।
माध्यमिक शिक्षा निदेशक ने कहा है कि जानकारी में आया है कि इस शासनादेश के आड़ में ऐसे शिक्षकों को भी प्रवक्ता बनाया जा रहा है जो सेवा शर्तों पर खरा नहीं उतर रहे हैं। लिहाजा ऐसे मामलों का स्कूलवार परीक्षण किया जाएगा।
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इस दौरान यदि शासनादेश के प्रावधानों के विपरीत प्रवक्ता पदनाम दिया गया है तो उसका प्रवक्ता पदनाम वापस ले लिया जाएगा। डीआईओएस 30 नवंबर तक ऐसे मामलों का निस्तारण करेंगे और इसकी सूचना निदेशालय को देंगे।
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