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तख्तापलट: सपा में अब आजम नहीं, हसन की बारी
शोभित श्रीवास्तव/अमर उजाला, लखनऊ
Updated Sat, 22 Feb 2014 10:57 PM IST
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समाजवादी पार्टी अब मो. आजम खां के बजाय अहमद हसन को मुस्लिमों का चेहरा बनाकर पेश कर रही है।
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शनिवार को अखिलेश यादव की मौजूदगी में हुआ मुस्लिम उलमा बुद्धिजीवी सम्मेलन भी इसी रणनीति का एक हिस्सा था।
दरअसल, सपा में एक वर्ग ऐसा है जो मो. आजम खां की आए दिन की खिचखिच से परेशान है।
आजम की नाराजगी का आलम यह है कि वे एक दर्जन से अधिक कैबिनेट की बैठकों में ही नहीं गए थे।
चूंकि आजम सपा में मुस्लिमों का चेहरा हैं, मुलायम भी उन्हें बहुत मानते हैं, इसलिए उनकी पूरी तरह से अनदेखी भी नहीं की जा सकती, लेकिन अब सपा का एक वर्ग अहमद हसन को आगे बढ़ा रहा है।
खुद मुख्यमंत्री अखिलेश यादव भी उन्हें ज्यादा तवज्जो दे रहे हैं। वे अहमद हसन के हर कार्यक्रम में जरूर समय देते हैं।
शनिवार को भी उनकी ओर से बुलाए गए मुस्लिम सम्मेलन में मुख्यमंत्री पूरे समय मौजूद रहे। सम्मेलन के संयोजक जौनपुर के मो. हसन डिग्री कॉलेज के प्रिंसिपल अब्दुल कादिर ने भी मंच से अहमद हसन को मुस्लिमों का संरक्षक बताया।
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