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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Ayodhya: Inaugration of 86th birth festival of Mahant Nritya Gopal Das.

Ayodhya: अयोध्या कभी हारती नहीं, किसी को निराश नहीं करती, महंत नृत्यगोपाल के 86वें जन्मोत्सव का हुआ उद्घाटन

Sat, 15 Jun 2024 12:39 AM IST
पंकज श्रीवास्‍तव संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या Published by: पंकज श्रीवास्‍तव Updated Sat, 15 Jun 2024 12:39 AM IST
सार

अयोध्या में महंत नृत्यगोपाल दास के 86वें जन्मोत्सव का भव्य उद्घाटन किया गया। इस मौके पर संतों एवं विशिष्ट विभूतियों ने उनका महिमामंडन किया।

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Ayodhya: Inaugration of 86th birth festival of Mahant Nritya Gopal Das.
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत नृत्यगोपाल दास - फोटो : amar ujala

विस्तार

श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत नृत्यगोपाल दास के 86वें जन्मोत्सव का भव्य उद्घाटन शुक्रवार को हुआ। पूर्व डिप्टी सीएम डॉ. दिनेश शर्मा ने उद्घाटन करते हुए कहा कि संत भारत की आत्मा हैं। भारतीय संस्कृति के प्रतीक होते हैं। जहां संतों की चलती है, वहां शांति-समृद्धि का वास होता है। महंत नृत्यगोपालदास को पूरा भारत सम्मान देता है। अयोध्या जागती है, अयोध्या कभी सोती नहीं है। अयोध्या कभी हारती नहीं है और अयोध्या कभी किसी को निराश नहीं करती है।

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जन्मोत्सव के क्रम में अनुष्ठानों का शुभारंभ बुधवार को ही हो गया था, लेकिन शुक्रवार को जन्मोत्सव को नया आयाम मिला। न केवल उनके जन्मोत्सव के उपलक्ष्य में वृंदावन निवासी प्रख्यात कथाव्यास पुंडरीक गोस्वामी ने भागवतकथा का आरंभ किया, बल्कि कथा आरंभ से पूर्व अनेक चुनिंदा संतों एवं विशिष्ट विभूतियों ने महंत नृत्यगोपालदास के वैशिष्ट्य का मर्म उद्घाटित किया। महंत मिथिलेश नंदिनी शरण ने महंत नृत्यगोपालदास को लिविंग लीजेंड बताते हुए कहा, उनकी सेवा, साधुता और भजन का प्रताप वर्तमान पीढ़ी की प्रेरणा का पुंज है।
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शीर्ष पीठ उदासीन ऋषि आश्रम के महंत डाॅ. भरतदास ने कहा, आज हम उनके चरित्र के माध्यम से मार्गदर्शन प्राप्त करते हैं। साधुता व सेवा की जो मिशाल उन्होंने कायम की है वह सदैव प्रेरक रहगी। महापौर एवं आचार्य पीठ तिवारी मंदिर के महंत गिरीशपति त्रिपाठी ने कहा कि महाराजश्री अयोध्या की वैष्णवता एवं परंपरा के पर्याय हैं। महंत नृत्यगोपालदास के उत्तराधिकारी महंत कमलनयन दास ने संतों के प्रति आभार ज्ञापित किया। इस अवसर पर महंत डॉ. रामानंद दास, महामंडलेश्वर स्वामी अखिलेश्वरानंद, मध्यप्रदेश, महंत महेंद्र दास, शरद शर्मा सहित बड़ी संख्या में विभिन्न प्रांतों से आए भक्त मौजूद रहे।

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