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Lucknow News: ऑटो चालक को बंधक बना खाते में डाले ठगी के 19 हजार, फिर निकाले
Sun, 19 Jul 2026 02:32 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
Updated Sun, 19 Jul 2026 02:32 AM IST
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आरोपी अभिलाष।
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लखनऊ। वजीरगंज में पांच जुलाई को साइबर ठग ने असम निवासी लेखक प्रदीप खदरिया से 19 हजार रुपये ठग लिए। उसने पीजीआई की वृंदावन कॉलोनी सेक्टर-7 निवासी ऑटो चालक अर्जुन कुमार के खाते में यह रकम ट्रांसफर कराई थी। ठग ने फिर अर्जुन को बंधक बनाकर उनके खाते से रकम निकलवा ली। पीड़ित अर्जुन की शिकायत पर वजीरगंज पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया।
इंस्पेक्टर राजेश त्रिपाठी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी अभिलाष चक्रवर्ती है। वह गोरखपुर के सूर्य विहार चौराहे का रहने वाला है और मूलरूप से पश्चिम बंगाल का है। 17 जुलाई को अर्जुन ने खाता फ्रीज होने की तहरीर दी थी। छानबीन में पता चला कि असम की साइबर सेल ने चालक का अकाउंट फ्रीज कराया था। पूछताछ में अर्जुन ने खुद को बंधक बनाए जाने की प्राथमिकी दर्ज कराई।
अभिलाष के अनुसार, पांच जुलाई को उसने रात में टंडन मार्ग से कैसरबाग चौराहे तक कैब बुकी की। इसके बाद लेखक प्रदीप खदरिया से खुद को रिश्तेदार बताकर 19 हजार रुपये मांगे। उसने ऑटो चालक अर्जुन के मोबाइल से क्यूआर कोड भेजकर रकम ट्रांसफर कराई। फिर अर्जुन को बंधक बनाकर पांच घंटे तक अमीनाबाद, कैसरबाग और वजीरगंज में घुमाता रहा।
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सीसीटीवी फुटेज के जरिये पकड़ में आया आरोपी
इंस्पेक्टर ने बताया कि आरोपी एक से दो एटीएम बूथ के आगे रुका भी, मगर वहां लगे सीसीटीवी कैमरे देखकर उसने चालक को रकम निकालने से मना कर दिया। रात करीब 12 बजे वजीरगंज में आगामीर ड्योढ़ी के पास स्थित आईसीआईसीआई एटीएम से 19 हजार रुपये निकलवाए और हत्या की धमकी देकर छोड़ दिया। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और लेनदेन के आधार पर शनिवार को अभिलाष को रेजीडेंसी तिराहे से गिरफ्तार किया। उसके पास से 50 क्यूआर कोड, दो मोबाइल और एक हजार रुपये बरामद हुए।
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इंस्पेक्टर राजेश त्रिपाठी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी अभिलाष चक्रवर्ती है। वह गोरखपुर के सूर्य विहार चौराहे का रहने वाला है और मूलरूप से पश्चिम बंगाल का है। 17 जुलाई को अर्जुन ने खाता फ्रीज होने की तहरीर दी थी। छानबीन में पता चला कि असम की साइबर सेल ने चालक का अकाउंट फ्रीज कराया था। पूछताछ में अर्जुन ने खुद को बंधक बनाए जाने की प्राथमिकी दर्ज कराई।
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अभिलाष के अनुसार, पांच जुलाई को उसने रात में टंडन मार्ग से कैसरबाग चौराहे तक कैब बुकी की। इसके बाद लेखक प्रदीप खदरिया से खुद को रिश्तेदार बताकर 19 हजार रुपये मांगे। उसने ऑटो चालक अर्जुन के मोबाइल से क्यूआर कोड भेजकर रकम ट्रांसफर कराई। फिर अर्जुन को बंधक बनाकर पांच घंटे तक अमीनाबाद, कैसरबाग और वजीरगंज में घुमाता रहा।
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सीसीटीवी फुटेज के जरिये पकड़ में आया आरोपी
इंस्पेक्टर ने बताया कि आरोपी एक से दो एटीएम बूथ के आगे रुका भी, मगर वहां लगे सीसीटीवी कैमरे देखकर उसने चालक को रकम निकालने से मना कर दिया। रात करीब 12 बजे वजीरगंज में आगामीर ड्योढ़ी के पास स्थित आईसीआईसीआई एटीएम से 19 हजार रुपये निकलवाए और हत्या की धमकी देकर छोड़ दिया। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और लेनदेन के आधार पर शनिवार को अभिलाष को रेजीडेंसी तिराहे से गिरफ्तार किया। उसके पास से 50 क्यूआर कोड, दो मोबाइल और एक हजार रुपये बरामद हुए।