यूपी पर आईएस आतंकियों का खतरा, ATS सतर्क
केंद्र के यूपी समेत 12 राज्यों में अंतरराष्ट्रीय आतंकी संगठन आईएस के खतरे को लेकर आगाह किए जाने के बाद एंटी टेररिस्ट स्क्वायड (एटीएस) ने पिछले दिनों पकड़े गए आतंकियों से पूछताछ में मिले तथ्यों को फिर से खंगालना शुरू कर दिया है।
एटीएस ऐसे आतंकियों के स्लीपिंग मॉड्यूल्स पर नजर रख रहा है जिनके बारे में पिछले दिनों हुई गिरफ्तारियों में पता चला था।
एटीएस के एडीजी दलजीत चौधरी ने बताया कि अभी तक जो स्लीपिंग मॉड्यूल्स सामने आए हैं, उन पर नजर रखी जा रही है।
सूत्रों का कहना है कि फिलहाल किसी को गिरफ्तार नहीं किया गया है। नजर सिर्फ इसलिए रखी जा रही है ताकि वे किसी आतंकी संगठन के लिए सक्रिय हो रहे हों तो इसका पता लगाया जा सके और समय रहते कार्रवाई की जा सके।
इन मॉड्यूल्स के अलावा अन्य ऐसे मॉड्यूल्स का पता लगाने की कवायद चल रही है, जिनकी जानकारी नहीं है।
इन जिलों में नेटवर्क फैलाना शुरू किया
एटीएस को सूचना मिली है कि नेपाल सीमा पर कुछ नए मॉड्यूल्स बनाए गए हैं जिन्हें चिह्नित करने की कोशिश हो रही है। वहीं एटीएस के अफसरों ने आजमगढ़ के साथ ही सहारनपुर, बिजनौर व अन्य पश्चिम के जिलों में अपना नेटवर्क फैलाना शुरू कर दिया है।
लापता पाक व बांग्लादेशी नागरिकों की तलाश
एटीएस उन लापता पाक व बांग्लादेशी नागरिकों के बारे में भी जानकारी जुटा रहा है जो यूपी में आकर लापता हो गए। एटीएस के अफसरों के अनुसार 270 से अधिक पाक व 32 से अधिक बांग्लादेशी नागरिक यूपी में कहीं लापता हो चुके हैं।
इनमें से कुछ के अधिक उम्रदराज होने या कुछ के मरने की भी संभावना है। लेकिन बाकी के लापता लोग कहां हैं, इसका पता किया जा रहा है।