72,825 शिक्षक भर्ती: दूसरी मेरिट पर मचा बवाल
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प्राइमरी स्कूलों में 72,825 प्रशिक्षु शिक्षकों की भर्ती के लिए जारी की गई दूसरी मेरिट को लेकर हायतौबा मच गई है। अभ्यर्थियों ने सोमवार को राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एससीईआरटी) पर जमकर हंगामा किया।
उनका आरोप है कि मेरिट जारी कर समय से प्रत्यावेदनों पर विचार नहीं किया। यहीं नहीं, शिक्षा मित्रों को 83 अंक होने पर भी काउंसलिंग के लिए बुला लिया गया है।
टीईटी में सामान्य वर्ग को 90 और आरक्षित वर्ग को 83 अंक पर पास माना गया है, जबकि दूसरे कटऑफ में शिक्षा मित्रों की मेरिट 83 गई है। इसलिए एससीईआरटी को स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।
एससीईआरटी के निदेशक सर्वेंद्र विक्रम सिंह ने आश्वासन दिया है कि जो भी खामियां होंगी उसे ठीक कराया जाएगा।
दूसरी मेरिट मे नहीं ठीक हुईं खामियां
प्रशिक्षु शिक्षकों की भर्ती के लिए रविवार को दूसरी मेरिट जारी की गई। इस पर हायतौबा मच गई है। एससीईआरटी पर सुबह से ही अभ्यर्थियों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। अभ्यर्थियों से पहले कहा गया कि निदेशक शाम को चार बजे मिलेंगे। अभ्यर्थी दिनभर वहां डटे रहे। शाम को जब निदेशक ने मिलने में आनाकानी की तो हंगामा शुरू हो गया।
हरदोई से आए प्रवीण कुमार का आरोप है कि उन्होंने कला वर्ग में आवेदन किया था लेकिन उनका नाम पहली मेरिट में विज्ञान वर्ग में आ गया।
डायट पर आवेदन देने के बाद उनकी काउंसलिंग करते हुए प्रमाण पत्र जमा करा लिए गए। रविवार को जब दूसरी मेरिट आई तो इसमें भी उनका नाम है। उन्होंने कहा, एससीईआरटी ने खामियों को ठीक नहीं किया है।
इसी तरह संतकबीर नगर से आए सुनील कुमार और बस्ती के राजेश चौधरी ने भी आरोप लगाया है। उनका कहना है कि एससीईआरटी ने प्रत्यावेदनों का निस्तारण किए बिना ही दूसरी मेरिट जारी कर दी है। इसमें तमाम खामियां हैं।
फीकी रही पहले दिन की काउंसलिंग
वहीं अगर सुल्तानपुर जिले की बात करें तो सोमवार से दूसरे चरण की काउंसलिंग शुरू हुई। डायट में शुरू हुई काउंसलिंग में पहले दिन सोमवार को काउंटर खाली ही रहे। 920 में मात्र 22 अभ्यर्थी ही काउंसलिंग में शामिल हुए।
काउंसलिंग शुरू होने के पहले डायट के कंप्यूटर एक्सपर्ट वकील अहमद इदरीसी ने काउंसलिंग टीमों को जरूरी दिशा निर्देश दिए। काउंसलिंग के लिए खंड शिक्षाधिकारी विजय प्रकाश, सतीश सिंह, एसबी सिंह व पीएस राम के नेतृत्व में चार टीमें बनाई गई थीं।
इसके अलावा डायट के वरिष्ठ लिपिक लक्ष्मी प्रसाद व राम शरण गुप्ता को शिकायत प्रकोष्ठ की जिम्मेदारी दी गई थी। पहले दिन मेरिट में आने वाले शिक्षामित्र व विशेष आरक्षित श्रेणी निशक्त, स्वतंत्रता संग्राम सेनानी आश्रित, भूतपूर्व सैनिकों को बुलाया गया था। सोमवार को देर शाम तक चली काउंसलिंग में ज्यादा समय तक काउंटर सूने ही रहे।
काउंसलिंग के लिए बुलाए गए 920 में मात्र 22 अभ्यर्थियों ने काउंसलिंग कराई। वहीं अमेठी जिले के बुलाए गए दो अभ्यर्थियों में से कोई भी शामिल नहीं हुआ। काउंसलिंग में दूसरे दिन मंगलवार को सामान्य महिला वर्ग की 1345 अभ्यर्थियों को बुलाया गया है।
यहां भी हावी रहीं अव्यवस्थाएं
वहीं सीतापुर के खैराबाद में भी काउंसलिंग के पहले दिन अव्यवस्थाएं हावी रहीं। इससे नाराज अभ्यर्थियों ने जमकर हंगामा किया। अभ्यर्थी मूल प्रमाण पत्र जमा करने के बाद रिसीविंग न मिलने पर भड़क गए।
मुख्य द्वार पर ही प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। हंगामा बढ़ते देख डायट प्रशासन ने इसकी सूचना पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह अभ्यर्थियों को शांत कराया। इससे करीब आधे घंटे तक काउंसलिंग प्रभावित रही।
यहां पहले दिन 220 पदों के सापेक्ष करीब 2200 अभ्यर्थियों को बुलाया गया था। जिसमें सभी वर्गों के शिक्षामित्र, विशेष आरक्षित श्रेणी निशक्त, स्वतंत्रता संग्राम सेनानी आश्रित व भूतपूर्व सैनिक के अभ्यर्थियों ने भाग लिया। काउंसलिंग सुबह 10 बजे शुरू हुई। अभ्यर्थियों के मूल प्रमाणपत्र जमा कराए जाने लगे। अभ्यर्थी ने इसकी रिसीविंग देने की बात कही, लेकिन डायट प्रशासन ने कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया।
आखिरकार दोपहर तीन बजे अभ्यर्थी ने हंगामा करना शुरू कर दिया। इससे काउंसलिंग बंद हो गई। अभ्यर्थी मुख्य द्वार के सामने बैठ गए और डायट प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। हंगामा बढ़ता देख पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह अभ्यर्थियों को शांत कराया। तब जाकर काउंसलिंग दोबारा शुरू हो सकी। करीब आधे घंटे तक चले बवाल के कारण काउंसलिंग ठप रही।