अखिलेश यादव बोले, भाजपा शासन में अपराधियों को मिली खुली छूट
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उत्तर प्रदेश में भाजपा के कुशासन के चलते अपराधियों को खुली छूट मिली हुई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की कागजी सख्ती और बड़बोलापन लोगों की जिंदगी पर भारी पड़ रहा है। ये बातें शनिवार को सपा अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कही।
उन्होंने एक बयान में कहा कि भाजपा के शासन में महिलाओं, बच्चियों से छेड़खानी, दुष्कर्म व हत्या की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। राजधानी लखनऊ में सरेआम गोलियां चल रही हैं। बस्ती में ट्रिपल मर्डर से लोग डरे हुए हैं। जौनपुर में फिरौती के लिए 7 साल के मासूम को अगवा कर हत्या कर दी गई।
मुख्यमंत्री के गृह जनपद गोरखपुर में युवती के साथ दुष्कर्म के बाद हत्या कर लाश फेंक दी गई। इटावा में बेटी से छेड़छाड़ का विरोध करने पर पिता को पीटकर मार डाला गया। बदायूं में महिला के साथ दरिंदगी की तो हद हो गई। मुरादनगर में श्मशान दलाली कांड में 25 जानें चली गईं। लिहाजा राज्यपाल को संवैधानिक दायित्व निभाते हुए इन आपराधिक घटनाओं पर संज्ञान लेना चाहिए।
सत्ता के संरक्षण में अवैध शराब का धंधा
सपा अध्यक्ष ने कहा, सत्ता के संरक्षण में अवैध शराब का धंधा खूब चल रहा है। बुलंदशहर के जीतगढ़ी में जहरीली शराब पीकर कई लोगों की जानें गईं। इसके अतिरिक्त प्रदेश भर में साइबर ठगी भी जोरों से चल रहा है। मगर, न तो अपराधी पकड़ में आते हैं और न ही हड़पी गई रकम वसूल हो रही है।
अखिलेश यादव ने कहा कि अपराध नियंत्रण करना मुख्यमंत्री के वश में नहीं। पता नहीं वह किस आधार पर कहते हैं कि अपराधियों ने प्रदेश छोड़ दिया है। जबकि अपराधियों ने नहीं बल्कि अपराध नियंत्रण के लिए जिम्मेदार अफसरों ने अपना दायित्व निभाना छोड़ दिया है। जनता भाजपा से निजात पाने को व्याकुल है।