सप्लीमेंटरी बजट में हर किसी को मिला कुछ न कुछ
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अगले विधानसभा चुनाव के मद्देनजर अपने ड्रीम प्रोजेक्ट को जमीन पर उतारने और वोटरों का आशीर्वाद पाने की उम्मीद में अखिलेश सरकार ने सोमवार को 19,825 करोड़ रुपये का भारी-भरकम अनुपूरक बजट पेश किया। इसे यूपी का अब तक का सबसे बड़ा अनुपूरक बजट माना जा रहा है।
इसके जरिये सरकार ने अपने वादों को पूरा करने का संदेश दिया है तो सभी वर्गों को साधने की कोशिश भी की है। 2017 में होने वाले विधानसभा चुनाव को देखते हुए सरकार का जोर गांव और किसानों के साथ बुनियादी क्षेत्र में विकास पर तो है ही, वीआईपी क्षेत्रों के लिए भरपूर बजट की व्यवस्था करने के साथ-साथ युवाओं व महिलाओं पर भी फोकस रखा है।
आम तौर पर सरकार के अधूरे कामों को पूरा करने के लिए लाए जाने वाले अनुपूरक बजट में इस बार 50 से ज्यादा नई योजनाओं के लिए भी बजट का प्रावधान किया गया है। अनुपूरक बजट की करीब 50 फीसदी धनराशि इन्फ्रास्ट्रक्चर डवलपमेंट पर खर्च की जाएगी।
विधानसभा में जबरदस्त हंगामे और शोर-शराबे के बीच मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने अनुपूरक बजट पेश करते हुए अपने ड्रीम प्रोजेक्ट पर पूरा फोकस रखा। सरकार ने बुजुगों को मुफ्त तीर्थयात्रा कराने के लिए प्रावधान किया तो युवाओं के लिए कॅरिअर काउंसिलिंग रोजगार मेला, एवं सेवायोजन वेब पोर्टल के संचालन व खेल की सुविधाएं बढ़ाने पर जोर रखा है। विधान परिषद में नेता सदन अहमद हसन ने अनुपूरक बजट पेश किया।
किसान, गांव, सड़क, ड्रीम प्रोजेक्ट से उम्मीद
197 करोड़ से रोशन होंगे गांव
गांवों को रोशन करने के लिए अखिलेश सरकार 196.91 करोड़ रुपये खर्च करेगी। इसमें से 60 करोड़ रुपये डॉ.राम मनोहर लोहिया समग्र ग्राम्य विकास योजना के तहत विद्युतीकरण के लिए, 10 करोड़ सोलर स्ट्रीट लाइटों के लिए तथा 126.91 करोड़ रुपये निजी नलकूपों के ऊर्जीकरण के लिए खर्च किए जाएंगे। वहीं, उन्होंने शिक्षामित्रों के लिए भी बजट आवंटित किया।
500 करोड़ से सुधरेंगी सड़कें, पुल
सरकार ने सड़कों की मरम्मत, रखरखाव व नए निर्माण कार्यों को तेज करने के साथ-साथ पुलों के निर्माण पर ध्यान केंद्रित किया है। शहरी व ग्रामीण मार्गों तथा पुलियों के निर्माण के लिए 500 करोड़ की व्यवस्था की है।
शारदा कैनाल के दोनों ओर फैजाबाद रोड से सुल्तानपुर रोड के बीच तीन लेन की सड़क के निर्माण के अलावा दुर्घटना बहुल क्षेत्रों में चिह्नित ब्लैक स्पॉट के सुधार आदि के काम भी प्रस्तावित हैं।
220 करोड़ से किसानों व गरीबों की चिंता
सरकार ने किसानों को मुफ्त सिंचाई की सुविधा के लिए 220 करोड़ का प्रावधान किया है। हथकरघा बुनकरों एवं धुनकरों को भी पावरलूम बुनकरों की तर्ज पर रियायती बिजली देने के लिए सात करोड़ रुपये, मछुआ आवासों में सोलर लाइट व फैन के लिए 1.94 करोड़ रुपये की व्यवस्था की है।
मेट्रो व एक्सप्रेस-वे पकड़ेंगे रफ्तार
अखिलेश सरकार चुनाव में उतरने से पहले अपने दो ड्रीम प्रोजेक्ट लखनऊ मेट्रो व लखनऊ-आगरा एक्सप्रेस-वे को पूरा कराने की मुहिम में तेजी से जुट गई है। अनुपूरक बजट में मेट्रो के लिए 200 करोड़ और एक्सप्रेस-वे के लिए 220 करोड़ रुपये की व्यवस्था की है।
संकेत साफ हैं कि ये दोनों परियोजनाएं सरकार की शीर्ष प्राथमिकता में हैं। लखनऊ से आजमगढ़ होते हुए बलिया तक प्रस्तावित प्रवेश नियंत्रित एक्सप्रेस-वे को भी आगे बढ़ाने की मंशा जताई गई है।
एससी पर भी नजरें इनायत, छात्रवृत्ति का दायरा बढ़ाया
अनुसूचित जाति के दशमोत्तर छात्रों की छात्रवृत्ति के लिए 985 करोड़ रुपये की व्यवस्था की है। वहीं, विकलांग एवं पिछड़े वर्ग के दशमोत्तर छात्रों की छात्रवृत्ति के लिए 204 करोड़ रुपये की व्यवस्था की गई है।
शिक्षा मित्रों के वेतन के लिए 3200 करोड़
शिक्षा मित्रों की नियुक्ति पर सुप्रीम कोर्ट की नजर के बावजूद सरकार ने सर्वशिक्षा अभियान के तहत शिक्षकों व शिक्षा मित्रों के वेतन के लिए 3200 करोड़ रुपये का इंतजाम किया है। इसमें से बेसिक शिक्षा विभाग के लिए 2300 करोड़ रुपये तथा समाज कल्याण विभाग के लिए 900 करोड़ रुपये की व्यवस्था की गई है।
एक नजर में जानिए क्या मिला बजट से
*सर्व शिक्षा अभियान के तहत शिक्षकों-शिक्षा मित्रों के वेतन के लिए 2300 करोड़
*सर्व शिक्षा अभियान के तहत अनुसूचित जाति के शिक्षकों-शिक्षा मित्रों के वेतन के लिए 900 करोड़
*लखनऊ मेट्रो के लिए 200 करोड़
*लखनऊ आगरा एक्सप्रेस वे के लिए 220 करोड़
*जिला परिषद, जिला पंचायत और ग्राम पंचायत को 1016 करोड़
*दुग्ध विकास कार्यक्र म केतहत पीसीडीएफ लोन के लिए 250 करोड़
*गन्ना किसानों के भुगतान केलिए मिलों को अतिरिक्त सहायता के लिए 1529 करोड़
*भारत सरकार के स्वच्छ भारत मिशन के लिए 175 करोड़
*लखनऊ हाई कोर्ट के नए भवन के लिए 200 करोड़
*विद्युत वितरण निगम के वित्तीय पुनर्गठन योजना के
*तहत राज्य की ओर से जारी बांड पर ब्याज के लिए 529 करोड़
*दशमोत्तर कक्षाओं के छात्रों के छात्रवृत्ति केलिए 204 करोड़
*अनुसूचित जाति के दशमोत्तर कक्षाओं के छात्रों के छात्रवृत्ति केलिए 985 करोड़
*दशमोत्तर के पिछड़े वर्ग के छात्र-छात्राओं को प्रवेश शुल्क की प्रतिपूर्ति के लिए 204 करोड़
*नहरों -सरकारी नलकूपों से किसानों को मुफ्त सिंचाई सुविधा के लिए 220 करोड़