{"_id":"19a198abad1805c2a75bfa192ad24188","slug":"a-pcs-officer-in-lda","type":"story","status":"publish","title_hn":"बात एक इलाहाबादी अधिकारी की","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बात एक इलाहाबादी अधिकारी की
लखनऊ/इंटरनेट डेस्क
Updated Mon, 22 Jul 2013 10:51 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शासन में आजकल एक पीसीएस अधिकारी चर्चा में हैं। चर्चा उनके इलाहाबाद, पेन और चश्मे को लेकर है। यह साहब पहले शासन में थे।
विज्ञापन
वह भी उस विभाग में जो लोगों को छत मुहैया कराने की योजनाएं तैयार करता है। सत्ता बदली, भाग्योदय हो गया।
विकास प्राधिकरण में तैनाती पा गए। पर व्यवहार और उनके किस्सों ने जिम्मेदारियों को भी पीछे छोड़ दिया। मीटिंग हो या कोई मिलने वाला उनके किस्से की मार से बच नहीं पाता है।
शासन में बैठक के दौरान जब इन्हें बुलाने की बात आती है तो सबसे पहले इनके किस्से की चर्चा शुरू हो जाती है, वजह बैठक में भी यह अपने किस्से सुनाने से बाज नहीं आते।
विज्ञापन
शासन में छोटा हो या बड़ा किसी भी अधिकारी से सिर्फ इलाहाबाद, पेन और चश्मे की चर्चा भी कर दें, तुरंत बता देगा कि फलां व्यक्ति किससे मिलकर आ रहा है। पर साहब बहादुर हैं कि, अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहे हैं।
विज्ञापन