होटल के कमरे में प्रेमी की हत्या, प्रेमिका पर आरोप
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एक प्रेम कहानी का अंत हुआ अयोध्या के बिड़ला धर्मशाला में। प्रेमी को उसी की प्रेमिका ने गला दबाकर मार डाला, इसके पहले ब्लेड के कई जख्म भी दिए। जिसे बेइंतहा मुहब्बत करती थी, उसे क्यों मारा? यह सवाल कइयों ने पूछा, बार-बार बयान बदल रही युवती ने एक सच हमेशा दोहराया कि वह शादी करने के लिए तैयार नहीं हो रहा था। लेकिन उसके कई बयान हैरान करने वाले रहे हैं और हत्या की गुत्थी को उलझाते भी हैं।
बरेली निवासी सौरभ मिश्र व सुलतनापुर निवासी अंजना सिंह ने 31 मई को दूसरी पहर एक बजे बिड़ला धर्मशाला में वातानुकूलित रूम नंबर एक बुक कराया था। दूसरे दिन सोमवार की रात 10.08 बजे धर्मशाला परिसर में एंबुलेंस पहुंची तो धर्मशाला प्रबंधन को मामले की जानकारी हुई।
बेड पर पड़े सौरभ को युवती ने एंबुलेंस स्टाफ की मदद से बाहर निकाला और निकट स्थित श्रीराम अस्पताल पहुंचाया गया। अस्पताल पहुंचाने पर डॉक्टरों ने युवक को मृत घोषित करने के साथ मामला संदिग्ध देख खबर अयोध्या कोतवाली पुलिस को दे दी।
मौके पर पहुंची पुलिस ने पड़ताल की और धर्मशाला स्थित कमरे की तलाशी ली। तलाशी में पुलिस को एक अंग्रेजी शराब की बोतल, तीन यूज्ड व दो अनयूज्ड कंडोम मिले। पुलिस ने मृतक का एक एंड्राइड व एक सामान्य मोबाइल तथा युवती का मोबाइल कब्जे में लिया और पूछताछ के लिए युवती को हिरासत में ले लिया। युवक-युवती नशे में पाये गये।
दोनों के बीच आपसी प्रेम व विश्वास के रिश्ते से उनके घर वाले भी इत्तेफाक रखते थे। एमबीए के बाद एक फाम्र्यास्यूटिकल कंपनी में नौकरी के दौरान रिश्ता काफी गहरा हुआ। युवक के बड़े भाई बैंक में प्रोबेशन अफसर हैं, कहते कि युवती ने रात में एक्सीडेंट होने की सूचना दी थी, लेकिन यहां आए तो बात कुछ और निकली।
शादी से मुकरने पर हत्या की साजिश
इस घटना की खबर जब सौरभ के परिवार को पहुंची तो वह अयोध्या पहुंचे। उनके अनुसार उन्हें इस प्रेम के बारे में जानकारी थी। उन्होंने सौरभ की हत्या का सीधा जिम्मेदार लड़की को माना। उनकी तहरीर पर प्रेमिका समेत होटल में आने वाले अज्ञात छह के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज हुई है।
प्रेमिका अभी पुलिस की हिरासत में है। लखनऊ में एक दवा कंपनी में नौकरी के दौरान प्रबंधन की पढ़ाई कर चुके बरेली के जागृति नगर निवासी सौरभ मिश्रा व सुलतानपुर के नगर कोतवाली क्षेत्र स्थित खैराबाद निवासी युवती अंजना सिंह एक-दूसरे के संपर्क में आये और दोनों में प्यार परवान चढ़ गया।
बाद में युवती ने यह नौकरी छोड़कर सुल्तानपुर स्थित अवध ग्रामीण विकास संस्थान नामक एनजीओ जॉइन कर लिया और वहीं पर प्रियदर्शी बाल गृह में काउंसलर हो गई। हालांकि दोनों के संबंध बरकरार रहे। जांच में सामने आया है कि डेढ़-दो साल तक लिव इन रिलेशन में रहे और संबंध भारी पडऩे लगा तो कत्ल की साजिश रच दी गई।
साजिश के तहत प्रेमी को बरेली से अयोध्या बुलाया गया। दो दिन मौज-मस्ती हुई और फिर गला कसकर युवक की हत्या कर दी गई। लेकिन सवाल यह भी है कि क्या अकेले कोई लड़की किसी लड़के की हत्या कर सकती है? इन जवाबों के करीब पहुंचने की पुलिस कोशिश कर रही है।
लेकिन कुछ बातें अभी भी भ्रम में डालने वाली
पूछताछ में सुलतानपुर निवासी युवती अंजना सिंह अपने बयान बार-बार बदलती रही। उसने बताया कि धर्मशाला में रुकने के बाद सोमवार को सौरभ ने जबरिया उसके मांग में सिंदूर डाल दिया। इस कृत्य का उसने विरोध किया तो सौरभ नाराज हो गया और फंदे से सुसाइड की कोशिश की।
उसने सौरभ को उतारकर बेड पर लिटाया और सौरभ के पिता को फोनकर दुर्घटना की खबर दी और अयोध्या आने को कहा। उसने लखनऊ निवासी अपने एक मित्र से भी फोन पर मदद मांगी तो मित्र ने दो लड़कों को मदद के लिए भेजा। लेकिन दोनों सौरभ की हालत देख भाग गये।
यहां आने से पहले दोनों के बीच फोन पर वार्ता के बाद अयोध्या पहुंचने का प्रोग्राम तय हुआ था। फैजाबाद पहुंचने के बाद दोनों टैंपो से अयोध्या पहुंचे और घूमने-टहलने के बाद धर्मशाला में कमरा लिया।
इधर धर्मशाला प्रबंधन का बयान है कि रूम लेने के समय भी युवती की मांग में सिंदूर था। घटना के बाद से अभी भी पुलिस को उसकी मांग में सिंदूर लगा मिला है। सूत्रों का तर्क है कि हो सकता है इधर बीच युवती का किसी अन्य के साथ अफेयर हो गया हो और सौरभ से पीछा छुड़ाने के लिए कत्ल की साजिश रची गई।
उसने सौरभ को उतारकर बेड पर लिटाया और सौरभ के पिता को फोनकर दुर्घटना की खबर दी और अयोध्या आने को कहा। उसने लखनऊ निवासी अपने एक मित्र से भी फोन पर मदद मांगी तो मित्र ने दो लड़कों को मदद के लिए भेजा। लेकिन दोनों सौरभ की हालत देख भाग गये।
सौरभ को पिलाई गई जमकर शराब
यहां आने से पहले दोनों के बीच फोन पर वार्ता के बाद अयोध्या पहुंचने का प्रोग्राम तय हुआ था। फैजाबाद पहुंचने के बाद दोनों टैंपो से अयोध्या पहुंचे और घूमने-टहलने के बाद धर्मशाला में कमरा लिया।
प्यार में धोखा देकर कत्ल के इस सनसनीखेज वारदात में एक सवाल ने युवती को संदेह के दायरे में ला खड़ा किया। रिपोर्ट दर्ज कराने वाले मृतक सौरभ के भाई तथा बैंक में पीओ बरेली जिले के बंदायू रोड स्थित जागृति नगर करगैन पुलिस चौकी के सामने स्थित मकान नंबर ७२ निवासी गौरव मिश्रा का कहना है कि अंजना ने पावर कारपोरेशन में निरीक्षक पद पर तैनात उनके पिता महेशचंद मिश्र के मोबाइल पर फोन कर सौरभ के साथ दुर्घटना की सूचना दी थी।
जबकि मामला कुछ दूसरा था। साजिश के तहत सौरभ को छककर शराब पिलाई गई और फिर उसकी हत्या कर दी गई। मृतक के हाथ के कलाई की नस कटी मिली है और गले पर कसे जाने का साफ निशान था। वारदात युवती के परिजनों ने मिलकर अंजाम दी है। युवती का पिता अशोक कुमार सुलतानपुर में बीज की दुकान करते हैं।
इस मामले की जांच कर रहे है फैजाबाद के एसपी सिटी आरएस गौतम कहते हैं कि मृतक के भाई गौरव मिश्रा पुत्र महेश चंद मिश्रा की शिकायत पर युवती अंजना, उसके पिता अशोक कुमार सिंह व भाई को नामजद करते हुए छह के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट अयोध्या कोतवाली में दर्ज की गई है।
वीडियोग्राफी के बीच सीएमओ की मौजूदगी में दो डॉक्टरों के पैनल से कराये गये पोस्टमार्टम में गला कसकर हत्या की पुष्टि हुई है। पुलिस युवती को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है।