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धारुपुर मामले में आठवें दिन भी पुलिस खाली हाथ
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धारूपुर मामले में आठवें दिन भी पुलिस खाली हाथ
बाराबंकी। आतिशबाजी के कारोबार से दहल उठे धारूपुर की आग भले ही ठंड हो चुकी हो। लेकिन हादसे में नामजद आरोपियों की तलाश करने में पुलिस खाली हाथ है। इसे पुलिस की लापरवाही कहे या फिर हवाई दावे आठवें दिन बाद भी पुलिस आरोपियों को तलाश नहीं सकी है। पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी तो दूर उनका सुराग तक नहीं लगा पाई है। जिससे पुलिस के खिलाफ गांव के लोगों में भी आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
धारूपुर धमाके में मोहम्मद वैश और सूरज की दर्दनाक मौत हुई थी वहीं आधा दर्जन घायल हुए थे। इसके दूसरे दिन गांव के बाहर शब्बीर की पटाखा फैक्ट्री में बम धमाका हुआ। डीएम व एसपी ने मौके पर पहुंच कर हसीब समेत 6 लोगों के विरुद्ध केस दर्ज दर्ज हुआ। उधर एसपी ने विस्फोटक को खतरनाक मानते हुए सेना की बम स्क्वायड टीम बुलाकर जांच कराई थी।
सेना ने सर्च ऑपरेशन चलाकर घरों से भारी मात्रा में विस्फोटक सामग्री बरामद की थी। उसे कल्याणी नदी में नष्ट किया गया। धारूपुर मामले की जांच कर रहे एडीएम संदीप कुमार गुप्ता का कहना है कि पूरे मामले की मजिस्ट्रेटी जांच की जा रही है। लेकिन अभी तक इस मामले में किसी ने भी अपने बयान दर्ज नहीं कराए हैं। जल्दी ही मामले की जांच रिपोर्ट जिलाधिकारी को सौंप देंगे।
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बाराबंकी। आतिशबाजी के कारोबार से दहल उठे धारूपुर की आग भले ही ठंड हो चुकी हो। लेकिन हादसे में नामजद आरोपियों की तलाश करने में पुलिस खाली हाथ है। इसे पुलिस की लापरवाही कहे या फिर हवाई दावे आठवें दिन बाद भी पुलिस आरोपियों को तलाश नहीं सकी है। पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी तो दूर उनका सुराग तक नहीं लगा पाई है। जिससे पुलिस के खिलाफ गांव के लोगों में भी आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
धारूपुर धमाके में मोहम्मद वैश और सूरज की दर्दनाक मौत हुई थी वहीं आधा दर्जन घायल हुए थे। इसके दूसरे दिन गांव के बाहर शब्बीर की पटाखा फैक्ट्री में बम धमाका हुआ। डीएम व एसपी ने मौके पर पहुंच कर हसीब समेत 6 लोगों के विरुद्ध केस दर्ज दर्ज हुआ। उधर एसपी ने विस्फोटक को खतरनाक मानते हुए सेना की बम स्क्वायड टीम बुलाकर जांच कराई थी।
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सेना ने सर्च ऑपरेशन चलाकर घरों से भारी मात्रा में विस्फोटक सामग्री बरामद की थी। उसे कल्याणी नदी में नष्ट किया गया। धारूपुर मामले की जांच कर रहे एडीएम संदीप कुमार गुप्ता का कहना है कि पूरे मामले की मजिस्ट्रेटी जांच की जा रही है। लेकिन अभी तक इस मामले में किसी ने भी अपने बयान दर्ज नहीं कराए हैं। जल्दी ही मामले की जांच रिपोर्ट जिलाधिकारी को सौंप देंगे।
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