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बीते साल से 25 फीसदी ज्यादा हुए लविवि में दाखिले

Mon, 14 Dec 2020 01:56 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Mon, 14 Dec 2020 01:56 AM IST
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25 percent more admission in LU
इस साल स्नातक स्तर पर 4245 दाखिले हुए, गत वर्ष इनकी संख्या 3400 ही थी
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कोरोना और लॉकडाउन लखनऊ विश्वविद्यालय के लिए सकारात्मक बदलाव लेकर आया है। लविवि में स्नातक स्तर पर बीते साल के मुकाबले करीब 25 फीसदी अधिक दाखिले हुए हैं। लविवि में इस साल स्नातक स्तर पर 4245 दाखिले हुए हैं। जबकि बीते साल इनकी संख्या सिर्फ 3400 ही थी। लविवि इसको अपनी ब्रांड वैल्यू के रूप में देख रहा है।
हालांकि हकीकत यह भी है कि पिछले साल तक कई कोर्स में सीटें भरने के लिए विवि को खासी मशक्कत करनी पड़ती थी। विशेषज्ञ इसकी वजह इस साल विद्यार्थियों का बाहर न जाना बता रहे हैं। उनके अनुसार कोरोना की वजह से इस साल अभिभावक अपने बच्चों को पढ़ने के लिए बाहर भेजने से बच रहे हैं। लखनऊ से आमतौर पर काफी संख्या में विद्यार्थी दिल्ली जाते हैं। वहीं दूसरी ओर लखनऊ में भी पूर्वी जिलों के काफी विद्यार्थी पढ़ाई के लिए आते हैं। इस साल बाहर के जनपदों के विद्यार्थी तो लखनऊ आए हैं, पर यहां से बाहर जाने वाले विद्यार्थियों की संख्या काफी कम रही। यही वजह है कि लविवि में इस साल दाखिले का आंकड़ा बढ़ गया।
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केंद्रीकृत दाखिले से आया बदलाव
लखनऊ विश्वविद्यालय ने इस साल केंद्रीकृत दाखिला प्रणाली शुरू की है। इसके तहत लविवि ने एक ही आवेदन फॉर्म पर परिसर के साथ ही 56 महाविद्यालयों में भी दाखिले किए हैं। इससे विद्यार्थियों को फायदा हुआ है। विकल्प और मेरिट के आधार पर विद्यार्थियों को परिसर में ही आवंटन मिल गया। इसकी वजह से भी लविवि में इस साल दाखिले में बढ़ोतरी हो गई।
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लविवि की ब्रांडिंग का असर
लखनऊ विश्वविद्यालय ने इस साल अपनी स्थापना के 100 वर्ष पूरे किए हैं। ऐसा करने वाला यह देश का दसवां विवि है। कुलपति के प्रयासों से पिछले कुछ समय से लविवि ने खुद को एक ब्रांड के रूप में स्थापित किया है। शताब्दी समारोह के दौरान लविवि की इमेज और अधिक निखरकर सामने आई है। इस साल दाखिले ज्यादा होने की सबसे बड़ी वजह यही है।
- डॉ. दुर्गेश श्रीवास्तव, प्रवक्ता लविवि
35 फीसदी तक बढ़ेगा आंकड़ा
लविवि में यह आंकड़ा सिर्फ स्नातक पाठ्यक्रमों का ही है। परास्नातक और पीएचडी पाठ्यक्रमों को शामिल करने पर यह आंकड़ा 35 फीसदी तक बढ़ जाएगा। ऐसे समय में जब सरकारी संस्थानों में दाखिले का आंकड़ा कम हो रहा है, लविवि में दाखिले बढ़ना अच्छी खबर है। पिछले कुछ समय में हम अपनी उपलब्धियों को बता पाए हैं, यह इसकी सबसे बड़ी वजह है।

- प्रो. आलोक कुमार राय, कुलपति लविवि
स्नातक में छूटे अभ्यर्थियों को फीस जमा करने का मौका आज तक
लखनऊ विवि में स्नातक स्तर पर चयन होने के बावजूद दाखिला लेने से चूक गए चयनित अभ्यर्थियों के पास दाखिले का मौका सोमवार तक होगा। अभ्यर्थियों को लविवि के पोर्टल पर जाकर ऑनलाइन फीस जमा करनी है। इसके बाद दाखिले बन्द हो जाएंगे।
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