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पालिका अध्यक्ष, सभासद समेत 200 पर केस

Tue, 03 Apr 2018 12:04 AM IST
Updated Tue, 03 Apr 2018 12:04 AM IST
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पालिका अध्यक्ष, सभासद समेत 200 पर केस
नानपारा (बहराइच)। नानपारा में अवैध तरीके से संचालित बूचड़खानों पर छापेमारी में पखवारे भर पूर्व बड़ा प्रदर्शन हुआ था।
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इस मामले में नानपारा पुलिस ने नगर पालिका परिषद अध्यक्ष समेत 20 सभासद और 200 अज्ञात के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने व आक्रामक रुख अख्तियार करने का केस दर्ज किया है। पुलिस की कार्रवाई से हड़कंप की स्थिति है।

सभासद आंदोलन की तैयारी कर रहे हैं। नानपारा नगर में पुलिस को अवैध बूचड़खानों के संचालन का पता चला था। इस पर पुलिस ने छापा मारा था। मौके से भारी मात्रा में मांस कब्जे में लेकर चार लोगों को हिरासत में लिया गया था।
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इनमें दो ग्राहक थे। उनकी पैरवी करने कुछ सभासद कोतवाली पहुंचे थे। वहां उनका पुलिसकर्मियों से विवाद हुआ। सभासदों का कहना था कि पुलिसकर्मियों ने अभद्रता की।
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सूचना नगर पालिका परिषद अध्यक्ष को मिली तो उन्होंने भी पुलिस अधिकारियों से वार्ता की। लेकिन सकारात्मक हल न निकलने पर नपाप अध्यक्ष की अगुवाई में सभासद व नगर पालिका कर्मियों ने परिषद कार्यालय के सामने नारेबाजी करते हुए सड़क जाम कर प्रदर्शन शुरू कर दिया था।

कई घंटे मार्ग जाम रहने से नगर क्षेत्र का आवागमन थम गया था। एक एंबुलेंस भी कई घंटे फंसी रही। इसके बाद कोतवाली के घेराव की स्थिति बन गई थी। एसडीएम और सीओ के आश्वासन के बाद किसी तरह आंदोलनकारी शांत हुआ था।

इस मामले में नानपारा पुलिस ने प्रभारी निरीक्षक संजय कुमार दूबे की तहरीर पर केस दर्ज किया। नगर पालिका परिषद अध्यक्ष अब्दुल मोहीद राजू, शुएब खान, अजय गुप्ता, शफीक अंसारी, रईस अंसारी, छत्रपाल, नौशाद, जमाल हामिद, जानू खां, गुड्डू, हनीफ, बचनू, फरीद, आजम, मुबारक, एहसान वारिस, बब्बू जाना, पप्पू, साबिर व 180 अन्य महिला, पुरुष के खिलाफ धारा 143, 188, 341 सेवेन क्रिमनल अमेंडमेंड एक्ट के तहत केस दर्ज किया है। पुलिस की इस कार्रवाई सभासदों में गुस्सा है।

उत्पीड़न वाली है पुलिस की कार्यशैली
पुलिस अधीक्षक जुगुल किशोर से मुलाकात कर उन्हें पूरे मामले की जानकारी दी गई है। निकाय प्रतिनिधि जनता के चुने हुए होते हैं। वे जनता की पैरवी नहीं करेंगे तो कौन करेगा।


ऐसे में पुलिस की यह कार्यशैली उत्पीड़नात्मक है। पुलिस अधीक्षक ने प्रभारी निरीक्षक से मामला खत्म करने को कहा है। अब तक एसएचओ की ओर से कोई कदम नहीं उठाया गया है। ऐसे में बोर्ड की बैठक बुलाएंगे, जो आम राय बनेगी, उसी के अनुरूप रणनीति तय करेंगे।
-अब्दुल मोहीद राजू, नपाप अध्यक्ष
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