{"_id":"6613065313b30e3fc30d2d34","slug":"1285-lakh-cheated-in-the-name-of-getting-clerk-job-lucknow-news-c-13-lko1027-677935-2024-04-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lucknow News: लिपिक की नौकरी दिलाने के नाम पर ठगे 12.85 लाख","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lucknow News: लिपिक की नौकरी दिलाने के नाम पर ठगे 12.85 लाख
Mon, 08 Apr 2024 02:17 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
Updated Mon, 08 Apr 2024 02:17 AM IST
विज्ञापन
लखनऊ। गाजीपुर में एक महिला ने जालसाज पर अयोध्या, जौनपुर सहित अन्य विश्वविद्यालयों में लिपिक की नौकरी दिलाने के नाम पर 12.85 लाख हड़पने का आरोप लगाया है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
गाजीपुर में राजकीय पॉलीटेक्निक परिसर में रहने वाले डॉ. बलराम चौहान की पत्नी रिंकी के मुताबिक उनकी मुलाकात अयोध्या कैंट निवासी शैलेंद्र कुमार सिंह से हुई थी।
शैलेंद्र ने उन्हें राजभवन में अपनी ऊंची पहुंच का हवाला देते हुए प्रदेश के कई विश्वविद्यालयों में लिपिक की नौकरी दिलाने का झांसा दिया था। इस पर रिंकी ने पति बलराम और उनके चार रिश्तेदारों की नौकरी लगवाने के लिए आरोपी को 14.35 लाख रुपये दिए थे। पर किसी की नौकरी नहीं लगी।
विज्ञापन
पीड़िता ने जब कैंट पुलिस से शिकायत की तो कोई सुनवाई नहीं हुई। पीड़िता के दबाव बनाने पर आरोपी ने सिर्फ डेढ़ लाख रुपये लौटाए।
इसके अलावा विकास नगर के लोहिया नगर निवासी मायाराम वर्मा के उनके परिचित विभूतिखंड निवासी विनय गुप्ता ने आर्थिक मदद के नाम पर 16 लाख हड़प लिए। उधर, बाजारखाला के ऐशबाग निवासी अनिरुद्ध लाल से पारा की न्यू अर्जुन विहार निवासी राम प्यारी ने वीजा के नाम पर 80 हजार ऐंठ लिए। पुलिस के मुताबिक सभी मामलों की जांच की जा रही है।
विज्ञापन
गाजीपुर में राजकीय पॉलीटेक्निक परिसर में रहने वाले डॉ. बलराम चौहान की पत्नी रिंकी के मुताबिक उनकी मुलाकात अयोध्या कैंट निवासी शैलेंद्र कुमार सिंह से हुई थी।
विज्ञापन
शैलेंद्र ने उन्हें राजभवन में अपनी ऊंची पहुंच का हवाला देते हुए प्रदेश के कई विश्वविद्यालयों में लिपिक की नौकरी दिलाने का झांसा दिया था। इस पर रिंकी ने पति बलराम और उनके चार रिश्तेदारों की नौकरी लगवाने के लिए आरोपी को 14.35 लाख रुपये दिए थे। पर किसी की नौकरी नहीं लगी।
विज्ञापन
पीड़िता ने जब कैंट पुलिस से शिकायत की तो कोई सुनवाई नहीं हुई। पीड़िता के दबाव बनाने पर आरोपी ने सिर्फ डेढ़ लाख रुपये लौटाए।
इसके अलावा विकास नगर के लोहिया नगर निवासी मायाराम वर्मा के उनके परिचित विभूतिखंड निवासी विनय गुप्ता ने आर्थिक मदद के नाम पर 16 लाख हड़प लिए। उधर, बाजारखाला के ऐशबाग निवासी अनिरुद्ध लाल से पारा की न्यू अर्जुन विहार निवासी राम प्यारी ने वीजा के नाम पर 80 हजार ऐंठ लिए। पुलिस के मुताबिक सभी मामलों की जांच की जा रही है।