यूपीः परिवहन निगम में जल्द होगी हजारों भर्तियां, यहां देखें...
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परिवहन निगम में नौकरी की आस देख रहे मृतक आश्रितों को जल्द नौकरियां मिलेंगी। सरकार ने भर्ती में आड़े आ रही सभी बाधाओं को दूर कर लिया है।
शीघ्र ही इसका एक प्रस्ताव कैबिनेट में लाया जाएगा। इसके पास होते ही निगम में करीब 1200 मृतक आश्रितों की भर्ती हो जाएगी। इनकी भर्तियां ड्राइवर व कंडक्टर के पदों पर होंगी।
परिवहन निगम में इस समय नौकरी के लिए मृतक आश्रितों के आवेदन पत्र लंबित हैं। इन पर निगम कोई फैसला नहीं कर पा रहा है। सबसे बड़ी दिक्कत सार्वजनिक उद्यम विभाग का 11 जुलाई 2003 का वह शासनादेश है जिसके तहत जो निगम व सार्वजनिक उपक्रम घाटे में हैं उनके आश्रितों को नौकरी नहीं दी जाएगी।
अभी तक परिवहन निगम इसलिए नहीं कर रहा था भर्तियां
चूंकि परिवहन निगम भी घाटे में है। इसलिए यह शासनादेश परिवहन निगम में मृतक आश्रितों की भर्ती में रोड़ा बन रहा है। इसी प्रतिबंध से छूट दिलाने के लिए कैबिनेट में प्रस्ताव पास करना होगा।
काफी समय से इस प्रस्ताव को पास करवाने की कोशिशें हो रही हैं। परिवहन विभाग ने अब इस संदर्भ में आ रही सभी अड़चनों को दूर कर लिया है। प्रस्ताव पास होते ही मृतक आश्रितों को नौकरी मिल जाएगी।
प्रदेश सरकार ने 2008 में भी परिवहन निगम में मृतक आश्रितों की भर्ती की छूट दी थी। इसके बाद निगम को प्रदेश सरकार ने 550 कंडक्टरों व 100 ड्राइवरों की भर्ती मृतक आश्रित कोटे में करने की अनुमति दी।
हालांकि इसमें से 320 कंडक्टरों की ही भर्ती अभी तक हो सकी है। 230 कंडक्टरों के पद खाली पड़े हैं। जबकि 2008 के बाद के 970 मृतक आश्रित भी नौकरी की आस देख रहे हैं। इस लिहाज से कुल 1200 मृतक आश्रित हो गए हैं।