दिमाग को करना हैं तेज तो इस तरह झपकाएं पलकें
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क्या आपको मालूम है कि पलक झपकाने से भी दिमाग तेज होता है। एक शोध के अनुसार जब पलक झपकती है तो दिमाग अधिक तेजी से सक्रिय हो जाता है। इसके अनुसार पलक झपकाते समय हम जिस की चीज को देख रहे होते है, उस पर हमारा ध्यान केंद्रित हो जाता हैं। वहीं पलक झपकाते समय जब आंखे बंद होती है और जब आंखे खुलती है तो उस समय पुतलियों की स्थिति बदल जाती हैं और यही दिमाग को अधिक सक्रिय करता है। पलक झपकाने के आंखे भी नहीं सूखती, क्योकि उस दौरान आंखों से एक तरह पदार्थ निकलता है। इसके अलावा पलके झपकाने से दिमाग फ्रेश रहता हैं।
-एक साल में एक व्यक्ति औसतन 62 लाख पांच हजार बार पलक झपकाता हैं।
- किसी घटना को वापस से याद करने में कम से कम 100 मिलीसेकेंड और पलक झपकने में 300 मिलीसेकेंड का समय लगता है।
-वैसे बार-बार पलके झपकना एक बीमारी भी हैं, इसे टोसिस कहते हैं।
-जो लोग कम्प्यूटर पर काम करते हैं, वे पलकें कम झपकाते हैं, जिस वजह से आंखो में सूखेपन की समस्या हो जाती हैं।