खुलासा: कश्मीर में आतंकी नेटवर्क के लिए हो रही है हथियारों और बैंकों मे लूट
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सीमा पार से फंडिंग और हथियारों की सप्लाई लगभग थम जाने से बौखलाए आतंकियों ने घाटी में हथियार और बैंक लूट की साजिश के तहत हमले तेज किए हैं। इनपुट हैं कि इसके लिए दक्षिणी कश्मीर को निशाना बनाया गया है। हिजबुल को इसकी जिम्मेदारी सौंपी गई है।
दक्षिणी कश्मीर के कुलगाम, शोपियां और अनंतनाग में ज्यादा से ज्यादा घटनाओं को अंजाम देकर आतंकी नेटवर्क केे लिए हथियार तथा फंड उपलब्ध कराने के लिए स्थानीय आतंकियों के इस्तेमाल की हिदायत दी गई है। सुरक्षा एजेंसियों के पास इस खतरनाक ट्रेंड के इनपुट हैं।
नोटबंदी के बाद से ही फंड की कमी से जूझ रही आतंकी तंजीमों को सीमा पार से इस बात के निर्देश मिले हैं कि वे लूट की वारदातों को ज्यादा से ज्यादा अंजाम दें। ओवर ग्राउंड वर्करों की मदद से इन घटनाओं को अमलीजामा पहनाकर फंड का इस्तेमाल संगठन को चलाने तथा आतंकी गतिविधियों में किया जाए। हाल के दिनों में आतंकी संगठनों के खिलाफ सुरक्षा बलों की कार्रवाई में 20 से अधिक आतंकियों के मारे जाने के बाद हथियारों की भी कमी होने लगी है।
मौजूदगी दिखाने के लिए आतंकी हमले
घाटी में सक्रिय 150 से अधिक स्थानीय आतंकियों को दरबार मूव के तहत श्रीनगर में दरबार सजने से पहले ताबड़तोड़ घटनाओं को अंजाम देने को कहा गया है, ताकि अपनी उपस्थिति का एहसास कराया जा सके। इसके तहत सुरक्षा बलों पर हमले, बैंक लूट तथा सुरक्षा बलों और नेताओं के सुरक्षा गार्डों से हथियार लूटने की हिदायत दी गई है।
दक्षिणी कश्मीर के अलावा श्रीनगर शहर में भी मौजूदगी दिखाने के लिए हमले करने के इनपुट हैं। इस वजह से आठ मई को दरबार सजने से पहले एहतियातन सभी संवेदनशील स्थानों पर सुरक्षा के तगड़े प्रबंध किए गए हैं।
दक्षिणी कश्मीर में सक्रिय स्थानीय आतंकियों पर सुरक्षा एजेंसियों की नजर है। शोपियां, अनंतनाग तथा कुलगाम में सक्रिय आतंकियों को सूचीबद्ध कर उनकी गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। साथ ही इन जिलों में ओवरग्राउंड वर्करों से भी पूछताछ की जा रही है।