कश्मीरः राहत कार्य जांचने को सुप्रीम कोर्ट ने बनाई कमेटी
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कश्मीर में आई बाढ़ के बाद लोगों को किस स्तर पर और कितनी राहत पहुंचाई जा चुकी है अब इसकी निगरानी सुप्रीम कोर्ट द्वारा बनाई कमेटी करेगी। बुधवार को चीफ जस्टिस की बेंच ने इस संबंध में केन्द्र सरकार को तीन दिन में पांच सदस्यीय कमेटी गठित करने का आदेश दिया।
कमेटी कश्मीर के बाढ़ प्रभावित इलाकों में जाकर राहत कार्यों को जायजा लेगी और पीड़ित लोगों से बात करेगी। जिसके बाद सारी जानकारी को एक रिपोर्ट में पेश कर सुप्रीम कोर्ट के समक्ष पेश किया जाएगा।
कश्मीर में बाढ़ राहत के कार्य में सुस्ती की रिपोर्ट मिलने के बाद यह कदम उठाया। सुप्रीम कोर्ट लगातार कश्मीर में बाढ़ राहत के कार्यों पर नजर रखे हुए है।
हाइकोर्ट में भी दाखिल की जाएगी रिपोर्ट
सुप्रीम कोर्ट के निदेर्शों के अनुसार पांच सदस्यीय कमेटी में जम्मू कश्मीर हाई कोर्ट के वरिष्ठ रजिस्ट्रार जिनकी तैनाती श्रीनगर में हो, जम्मू कश्मीर सरकार के रेवेन्यू विभाग के सचिव, राहत और बचाव सचिव के अलावा केन्द्र द्वारा नामित एक सदस्य और जम्मू कश्मीर बार कांउसिल के अध्यक्ष सदस्य रहेंगे।
कोर्ट में महाधिवक्ता मुकुल रोहतगी ने कहा कि कमेटी के लिए केन्द्र द्वारा नामित सदस्य का नाम तीन दिन में घोषित कर दिया जाएगा। कोर्ट ने निर्देश देते हुए कहा कि यह पांच सदस्यीय कमेटी हालातों का निरीक्षण कर दो हफ्ते में अपनी रिपोर्ट सुप्रीम कोर्ट में पेश करेगी।
इसके अलावा कमेटी अपनी रिपोर्ट जम्मू कश्मीर हाईकोर्ट में भी दाखिल करेगी, जिससे हालातों पर निगाह रख रही हाइकोर्ट को भी समस्त जानकारी मिल सके।